महराजगंज। बीएसए जय प्रताप सिंह ने सदर ब्लाक के चौपरिया गांव में स्थित दोनों परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों का निरीक्षण किया। शैक्षणिक वातावरण का अभाव पाया गया। तीन शिक्षिकाएं पहाड़ा नहीं सुना सकीं और उत्कृष्ट, उत्तम व उज्ज्वल भी नहीं लिख पाईं। बीएसए ने प्रधानाध्यापिका समेत चार शिक्षिकाओं की स्थाई रूप से एक वेतन वृद्धि रोक दी है। चौपरिया द्वितीय पर अनुपस्थित मिलीं पांच शिक्षिकाओं का स्पष्टीकरण तलब किया गया है।
बीएसए के निरीक्षण में चौपरिया में प्रधानाध्यापिका शांति देवी तीन शिक्षिकाओं के साथ बैठकर आपसी चर्चा कर रही थीं। छात्र नामांकन भी बहुत कम था। प्रधानाध्यापिका तथा शिक्षिकाओं ने नामांकन बढ़ाने का कोई प्रयास नहीं किया। सभी अध्यापिकायें अपने कर्तव्यों के प्रति उदासीन पाई गईं। शिक्षिकाओं में पारंपरिक सामंजस्य की कमी पाई गई। निरीक्षण के समय पंजीकृत 75 बच्चों के सापेक्ष भौतिक रूप से मात्र 22 बच्चे उपस्थित रहे। छात्रों को शैक्षिक प्रगति असंतोषजनक पाये जाने के साथ ही शैक्षणिक वातावरण का अभाव पाया गया। निरीक्षण के दौरान बीएसए जयप्रताप सिंह ने मौजूद शिक्षिकाओं से 14,17 व 19 का पहाड़ा पूछने पर मौजूद पांच शिक्षिकाओं में से चार ने पहाड़ा नहीं सुना सकीं।
शिक्षिका रमाकांती त्रिपाठी ने पहाड़ा सुना दिया। शिक्षिकाएं उत्कृष्ट, उत्तम व उज्ज्वल भी नहीं लिख पाईं। विद्यालय में मौजूद कक्षा पांच के छात्र सामान्य ज्ञान से संबंधित सवालों का जवाब नहीं दे पाए। विद्यालय में समय सारिणी भी नहीं मिली। बीएसए अध्यापिकाओं के प्रति काफी नाराजगी जताई। बीएसए ने प्रधानाध्यापक शांति देवी, सहायक अध्यापक किरन, अनीता यादव, गीता सिंह व रमाकांती त्रिपाठी की एक वार्षिक वेतन वृद्धि स्थायी रूप से रोक दिया है। साथ ही छात्र नामांकन में वृद्धि के साथ छात्रों की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित कराने की हिदायत दी। उन्होंने बच्चों में शैक्षणिक सुधार लाने को कहा है।
जिला मुख्यालय से सटे चौपरिया प्राथमिक विद्यालय द्वितीय के निरीक्षण में छह लोग बिना सूचना के अनुपस्थित पाए गए। बीएसए जयप्रताप सिंह ने बताया कि सहायक अध्यापक अर्चना त्रिपाठी, अर्पणा त्रिपाठी, शोभा मिश्रा, जुबैदा खातुन और रुचि खरे के अलावा रामचंदर प्रसाद अनुचर अनुपस्थित पाए गए। सभी अनुपस्थित शिक्षिकाओं को नोटिस जारी कर एक सप्ताह के अंदर स्पष्टीकरण मांगा है। इसके बाद प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी। बीएसए जयप्रताप सिंह ने बताया कि इसी प्रकार के औचक निरीक्षण जिले भर के किसी भी विद्यालय का कभी भी किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि सभी शिक्षक अपने विद्यालय पर समय से उपस्थित हो कर शिक्षण कार्य सम्पादित करें।