चंदन, प्यास नदी और महाव नाला उफान पर
महाव में अचानक पानी आने से भैंसों को नहला रहे पशुपालक की डूबने से मौत
संवाद न्यूज एजेंसी
ठूठीबारी/बरगदवा। नेपाल में पहाड़ों पर हो रही बारिश से बुधवार को जिले में बहने वाली चंदन और प्यास नदी के साथ ही महाव नाले का जलस्तर बढ़ गया। महाव में अचानक पानी आने से भैंसों को नहला रहे पशुपालक की डूबने से मौत हो गई। वहीं जलस्तर बढ़ने और कटान के कारण कई गांवों के करीब पानी पहुंच गया है।
ठूठीबारी प्रतिनिधि के अनुसार, क्षेत्र में बहने वाली पहाड़ी नदी चंदन व झरही उर्फ प्यास नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। इससे राजाबारी गांव के साहू के बगीचा, पजरफोरवां गांव, रमजिता गांव के करीब पानी पहुंच चुका है। वहीं चंदन नदी के पूर्वी हिस्से के बाई छोर पर कटान होने के कारण दो जगहों से पानी अब खेतों के सहारे आबादी की तरफ बढ़ रहा है। अगर पहाड़ों पर ऐसे ही बरसात होती रही तो पानी भरवलिया, लक्ष्मीपुर खुर्द, चटिया , बसन्तपुर, नौनिया, माधवनगर, राजाबारी पजरफोरवा, टडहवा आदि गांवों को प्रभावित कर सकता है। किसान राममिलन, जोखू, राजेन्द्र भारती, रामकिसुन, तेतरी देवी, पुष्पावती, रामेश्वर, पंकज, रामप्रताप आदि ने बताया कि बीते दिनों आए बाढ़ से धान की बेहन बर्बाद हो गया था। किसी तरह बेहन की व्यवस्था प्रति बोझा 250 रुपये खरीद कर धान की रोपाई की गई। इस बार अगर बांध टूट गया तो किसानों की फसल बर्बाद हो जाएगी।
बरगदवा प्रतिनिधि के अनुसार, थाना क्षेत्र के ग्राम सभा नरायनपुर के शिकारगढ़ टोला पर बुधवार की सुबह दो भैंसों को महाव नाला में नहलाने ले गए चौथी यादव (60)
की डूबने से मौत हो गई। बताया जा रहा है कि नहलाते समय महाव नाले का जलस्तर अचानक बढ़ गया और चौथी डूब गए। ग्रामीणों के सहयोग से शव को बाहर निकाल परिजनों को सूचित किया गया। थाना प्रभारी बरगदवा संजय दुबे ने डूबने मौत होने की पुष्टि की है। वहीं वृद्ध की मौत से घर पर कोहराम मच गया।
नवलपरासी से महेशपुर मार्ग प्रभावित
ठूठीबारी। नेपाल के पहाड़ों पर भारी बारिश होने से झरही नदी उफान पर है। इससे नेपाल के नवलपरासी से महेशपुर मुख्य मार्ग का आवागमन बाधित हो गया। राहगीर कोमल, ध्रुप , जितेन्द्र गुप्ता, मालती देवी, राधा, सुमन, राजकुमार सहानी, माया लामा ने बताया कि महेशपुर से नवलपरासी को जाने वाला मुख्यमार्ग झरही उर्फ प्यास नदी पर बना पुल नीचा होने के कारण बारिश होने से पुल डूब गया है। जिससे आवागमन बंद हो गया है। लोगों को दूसरे रुट से नवलपरासी जाना पड़ रहा है। संवाद
धान की रोपाई डूबी
बरगदवा। पहाड़ों पर बारिश के कारण महाव नाला में जल स्तर बढ़ गया है। इससे खैरहवा दूबे, विशुनपुरा एवं अमहवा के सिवान में जलभराव हो गया है और धान की रोपाई डूब गई है। खैरहवां दूबे गांव के किसान नारद यादव, मंजीत यादव, संजय, ढूनमुन राजू, मनौवर, शैलेन्द्र आदि का कहना है कि अगर अधिक दिनों तक खेत में जलभराव रहा तो रोपाई गल जाएगी।
संपर्क मार्ग फिर कटा
बरगदवा। खैरहवा दूबे का संपर्क मार्ग 15 जून की बाढ़ में टूट गया था। पीडब्लूडी ने ईंट के टुकड़ों को भरवाकर दो दिन पूर्व रास्ता ठीक किया। बुधवार को पानी के प्रवाह से संपर्क मार्ग कट गया। ग्रामीण नारद यादव, मंजीत यादव, सनोज, विश्वनाथ, रामप्रीत आदि जिलाधिकारी को पत्र भेजकर समस्या के समाधान की मांग की। संवाद