पुलिस ने बरती सख्ती, बंद रही दुकानें
लॉकडाउन के पहले फेज जैसा पसरा रहा सन्नाटा, चौक-चौराहों पर तैनात रही पुलिस
महराजगंज। कोरोना के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए जिले में लॉकडाउन जैसा प्रतिबंध लगा दिया गया है। शनिवार की दोपहर बाद बीते 25 मार्च जैसा नजारा शहर से लेकर गांव तक दिखा। वहीं पुलिस की सख्ती हर तरफ दिखी। अनावश्यक घूमते हुए जो मिला उसे चेतावनी देकर छोड़ा गया। नौतनवां कस्बे में तो पुलिस ने साइकिल की हवा ही निकाल दी। सीमावर्ती क्षेत्र में विशेष सतर्कता दिखी। जिले के सभी स्थानों पर दुकानें बंद रहीं और पुलिस का कड़ा पहरा रहा। अधिकारियों ने प्रत्येक गतिविधियों पर नजर बनाए रखी।
प्रदेश सरकार ने शुक्रवार की रात दस बजे से सोमवार की सुबह पांच बजे तक प्रतिबंधों के साथ व्यवसायिक प्रतिष्ठानों को बंद रखने का निर्देश जारी किया है, जिसके क्रम में शनिवार को नगर के किसी भी प्रमुख मार्ग पर दवा की दुकान को छोड़कर अन्य कोई भी प्रतिष्ठान खुले नहीं मिले। सड़कों पर भी लॉकडाउन जैसा सन्नाटा पसरा रहा। इसी प्रकार परतावल चौक, फरेंदा तिराहे, निचलौल, घुघली, पनियरा, धानी, बृजमनगंज, कोल्हुई, सोनौली, ठूठीबारी एवं सिसवां में भी व्यापारिक प्रतिष्ठानें बंद रहीं। सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा। मालवाहक, स्वास्थ्य सुविधा व पुलिस के ही अधिकांश वाहन सड़क पर नजर आए। नगर के सक्सेना चौक समेत जिले में जगह-जगह तैनात पुलिस कर्मियों ने भी वाहन से आने-जाने वालों से पूछताछ की। बिना मास्क व बेवजह घूम रहे लोगों का चालान भी काटा। जिलाधिकारी डॉ. उज्ज्वल कुमार ने बताया कि जिले में प्रतिबंध का पूरी कड़ाई से अनुपालन कराया जा रहा है। बिना मास्क व बेवजह घूम रहे लोगों पर कार्रवाई भी की जा रही है। प्रतिबंध लगने के बाद जिले में संचालित होने वाली मदिरा की दुकानें भी बंद रही।
रोडवेज बसों का संचालन भी रहा ठप
जिले में रोडवेज बसों का संचालन भी ठप रहा। कुछ जरूरतमंद छोटे वाहनों से आते-जाते देखे गए। ट्रेन आदि से यात्रा करके आने वाले लोगों को उनके गंतव्य तक पहुंचाने के लिए मुख्य मार्गों पर कुछ रोडवेज बसों का संचालन होता रहा।