महराजगंज। जाती हुई ठंड बच्चों और बूढ़ों को बीमार बना रही है। जिला अस्पताल की ओपीडी में सीने में जकड़न बुखार निमोनिया से पीड़ित मरीज ज्यादातर आ रहे हैं। डॉक्टर दवा के साथ ठंड से बचाव का सुझाव भी दे रहे हैं। पांच दिन से निकल रही चटक धूप भी सर्द हवा के आगे बेबस है। ऐसे मौसम में जरा सी लापरवाही सेहत पर भारी पड़ रही है। डॉक्टरों ने सर्द हवा का सितम थमने तक बच्चों और बुजुर्गों को एहतियात बरतने का सुझाव दिया है।
शुक्रवार को जिला अस्पताल की ओपीडी में 100 बीमार बच्चे इलाज के लिए पहुंचे। ज्यादातर सीने में जकड़न, तेज बुखार, निमोनिया से पीड़ित रहे। बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. रंजन मिश्रा के मुताबिक सुबह के समय सर्द हवा में स्कूल जाना और दोपहर में चटक धूप में वापस लौटने की वजह से बच्चों की तबीयत बिगड़ रही है। बुजुर्गों में भी डिहाइड्रेशन के मामले बढ़े हैं। दिन में सर्द हवा के असर से धूप के बावजूद राहत नहीं है। तापमान में स्थिरता है। धूप सेंकने के दौरान भी गर्म कपड़े पहने रहें। अपराह्न तीन बजे के बाद घर से न निकलें। फिजिशियन डॉ. एवी त्रिपाठी के मुताबिक बुजुर्गों में हाथ, पांव के सुन्न होने की शिकायत बढ़ी है। कमर और आधे सिर में दर्द की शिकायतें भी आ रही हैं। बीते कई दिनों तक धूप के संपर्क में न आने से बुजुर्गों और बच्चों में विटामिन डी की कमी हो गई है। ऐसे में सर्द हवा से अकड़ रहे अंग में दर्द पैदा हो रहा है।
अनुकूल माहौल बनने पर हो सकती है हल्की बारिश
महराजगंज। शुक्रवार को दिनभर चटक धूप के बावजूद सर्द हवा लोगों को सताती रही। अधिकतम पारा स्थिर रहा। इधर, मौसम विभाग ने अगले पांच दिन तक दिन में धूप और हल्के बादल छाने के आसार जताए हैं। जेट स्ट्रीम थमने के बाद ही सर्द हवा से राहत की उम्मीद है।
मौसम विशेषज्ञ कैलाश पांडेय के मुताबिक ऊपरी क्षोभमंडल में दो सौ किमी प्रति घंटे के वेग से चल रही जेट स्ट्रीम के साथ बादल भी घुमड़ रहे हैं। यही वजह है कि शुक्रवार को दिन में धूप के बावजूद लोग ठिठुरते रहे। अधिकतम तापमान सामान्य से दो डिग्री कम 21.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। वहीं, न्यूनतम तापमान दो डिग्री बढ़त के बाद 9.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। अगले पांच दिन तक ग्रीन अलर्ट के बावजूद लोगों को सर्द हवा का सामना करना पड़ेगा। अनुकूल माहौल बनने पर हल्की बारिश हो सकती है। संवाद