निचलौल। सोहगीबरवा थाना क्षेत्र के सोहगीबरवा गांव में 11 दिसंबर को हादसे में एक बच्चे की मौत हो गई थी। उसके बाद मामला थाने पहुंचा। जहां पर बच्चे के परिजन आपस में समझौता कर सुलह कर लिए।
एक सप्ताह बाद दोनों के बीच बात बिगड़ गई तो मामला पुलिस अधीक्षक के पास जा पहुंचा। बच्चे के परिजनों की शिकायत पर पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में बृहस्पतिवार को पुलिस ने शव कब्र से निकालकर कार्रवाई शुरू कर दी है।
शुक्रवार को सोहगीबरवा ग्रामीणों से बातचीत के दौरान मिली जानकारी के मुताबिक, रविंद्र पाठक का बेटा यश पाठक गांव के ही रहने वाले एक व्यक्ति के ट्रॉली पर चढ़कर खेल रहा था। इसी बीच आरोपी ट्रॉली को ट्रैक्टर में जोड़कर किसी कार्य के लिए ले जाने लगे।
यश ट्रॉली से नीचे उतरने के लिए अचानक छलांग लगा दी। जिस दौरान यश ट्रॉली की चपेट में आकर घायल हो गया। लोगों की मदद से बिहार राज्य के एक हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। जहां डॉक्टर बच्चे को मृत घोषित कर दिया।
उसके बाद यश के परिजन और वाहन मालिक ने आपस में सुलह समझौता कर लिया। हादसे के करीब एक सप्ताह बाद दोनों के बीच हुए समझौते में किसी बात को लेकर दरार आ गई। बच्चे के परिजन कार्रवाई के लिए पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंच गए। यश तीन भाइयों में सबसे छोटा था। हादसे के बाद से बच्चे के परिवार अभी भी सदमे में हैं।
वहीं इस संबंध में सोहगीबरवा थाना प्रभारी निरीक्षक लवकुश के अनुसार, हादसे के बाद मौके पर पुलिस टीम पहुंची थी। पुलिस मृत बच्चे के शव को कब्जे में भी ले लिया था, लेकिन मृत बच्चे के परिजन बच्चे के शव का पोस्टमार्टम कराने से इंकार कर दिए थे। संवाद