निचलौल। कुशीनगर जिले के कप्तानगंज और रामकोला के बीच स्थित एक गांव के पास से 22 जनवरी को एक तेदुएं को वन विभाग की टीम ने रेस्क्यू किया था। उसके बाद तेंदुए को शहीद अशफाक उल्लाह खां प्राणी उद्यान (चिड़ियाघर) गोरखपुर ले जाया गया। जहां पर तेदुएं का इलाज करने के बाद सोहगीबरवा वन्य जीव प्रभाग अंतर्गत मधवलिया वन रेंज के सिगरहना ताल के पास छोड़ दिया गया है।
वन विभाग के मुताबिक चिड़ियाघर के डॉक्टरों के नेतृत्व में रेस्क्यू तेंदुए का इलाज चल रहा था। पूरी तरह से स्वस्थ होने के बाद तेंदुए को जंगल में छोड़ने का निर्णय लिया गया। मधवलिया वन क्षेत्राधिकारी अजीत कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि कुशीनगर में रेस्क्यू तेंदुए को शहीद अशफाक उल्लाह खां प्राणी उद्यान (चिड़ियाघर) गोरखपुर ले जाया गया था। जहां पर पता चला कि तेंदुए के कुछ हिस्से में चोटें आई थीं। जहां पर डॉक्टरों की लगातार निगरानी में तेदुएं का इलाज चला।
उसके बाद तेंदुए को पानी पिलाया गया। इस दौरान तेदुएं को पानी पीने के बाद यह अंदाजा हो गया कि वह काफी हद तक ठीक है। इसके बाद भी टीम की ओर से लगातार उसकी निगरानी की जा रही थी। तेंदुए को पूरी तरह से स्वस्थ्य होने पर उच्चाधिकारियों के निर्देश पर तेंदुए को सोहगीबरवा वन्य जीव प्रभाग के मधवलिया वन रेंज के सिगरहना ताल के पास छोड़ दिया गया। इस दौरान विभागीय टीम के साथ ही अन्य लोग भी मौजूद रहे।