जलभराव से 887 हेक्टेयर गन्ने की फसल प्रभावित
महराजगंज। मिनी पंजाब के नाम से पहचाने जाने वाले इस जिले में गन्ना किसानों को मौसम की मार झेलनी पड़ रही है। बाढ़ के पानी की वजह से गन्ने की 887 हेक्टेयर फसल प्रभावित हुई है, इससे जहां लगभग 500 किसानों की मुश्किलें बढ़ी हैं वहीं फसल की पूरी तरह खराब होने की संभावना भी बढ़ गई है।
जिले में कुल लगभग 18000 हेक्टेयर में गन्ने की खेती कराई जाती है। नेपाल में हुई बारिश की वजह से नदियों में बढ़े जलस्तर के कारण भारतीय क्षेत्र में आमजन व फसलों को काफी क्षति उठानी पड़ी है। जिले के चार परिषदों में से सिसवां परिषद में सर्वाधिक 530 हेक्टेयर, घुघली परिषद में 230 हेक्टेयर तथा गड़ौरा परिषद में 127 हेक्टेयर गन्ने की फसल पानी लगने की वजह से खराब होने के कगार पर पहुंच गई है। गन्ने की फसल में अभी भी पानी लगा हुआ है तथा फसल ठीक हो अब उसकी संभावना भी न के बराबर है। फसलों में पानी के लगने की वजह से कुल लगभग 500 से अधिक किसानों को भविष्य को लेकर चिंता सता रही है। जिला गन्ना अधिकारी जगदीश चंद्र यादव ने बताया कि जिले के तीन परिषदों में 887 हेक्टेयर गन्ने की फसल पानी की वजह से प्रभावित हुई है। किसानों की मुश्किलें काफी बढ़ी हुई हैं। उन्हें प्रजाति के चयन को लेकर भी जानकारी दी जा रही है।