महराजगंज। जननी सुरक्षा योजना के तहत जिले की 31831 प्रसूताओं को कुल 4.45 करोड़ रुपये की धनराशि का भुगतान किया गया है। यह धनराशि प्रसव के बाद प्रसूताओं को पौष्टिक आहार के लिए दी जाती है। इससे मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को सुदृढ़ किया जा सके। इस योजना के तहत प्रत्येक लाभार्थी को 1400 रुपये की सहायता राशि प्रदान की जाती है।
सीएमओ डॉ. श्रीकांत शुक्ला ने बताया कि 25 मार्च 2025 तक जिले में 38125 महिलाओं का संस्थागत प्रसव का लक्ष्य रखा गया था। इसके सापेक्ष 31831 महिलाओं ने अस्पतालों में सुरक्षित प्रसव कराया। इसमें निचलौल ब्लॉक ने सबसे बेहतर प्रदर्शन करते हुए 3458 संस्थागत प्रसव कराया गया है। जबकि धानी ब्लॉक इस मामले में सबसे पीछे रहा। जहां पर मात्र 1228 महिलाओं ने संस्थागत प्रसव कराया।
उन्होंने बताया कि निचलौल ब्लॉक की 3307 प्रसूताओं को लगभग 46.29 लाख रुपये का भुगतान किया गया है। वहीं धानी ब्लॉक में 1146 प्रसूताओं को लगभग 16.04 लाख रुपये भुगतान किया गया है। उन्होंने बताया कि समीक्षा बैठक में विशेष रुप से तीन ब्लॉकों में रतनपुर, सदर और धानी की धीमी भुगतान प्रक्रिया पर नाराजगी जताई है। उन्होंने इन ब्लॉकों के अधीक्षकों को चेतावनी दी है।
निर्देश दिया है कि सभी लाभार्थियों को समय से भुगतान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने बताया कि रतनपुर ब्लॉक ने अब तक 83.6 प्रतिशत, सदर ब्लॉक ने 80.3 प्रतिशत और धानी ब्लॉक ने मात्र 73.8 प्रतिशत लाभार्थियों को भुगतान किया है। इसके विपरीत अन्य सभी ब्लॉकों ने 88.7 प्रतिशत से अधिक भुगतान करके बेहतर कार्य किया है। संवाद