थाना क्षेत्र के पांडेय टोला स्थित टावर पर लगे राष्ट्रीय ध्वज को क्षतिग्रस्त करने के आरोप में सोमवार को सुबह ग्रामीणों ने झंगहा थाने का घेराव कर दिया। आरोप था कि कुछ असामाजिक तत्वों ने जानबूझकर राष्ट्रीय ध्वज को नुकसान पहुंचाया है। जब पुलिस की ओर से कार्रवाई की कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई तो वे थाने पर हंगामा करते हुए आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग करने लगे।
करीब आधे घंटे तक किसी पुलिसकर्मी के नहीं पहुंचने पर ग्रामीण चौराहे की ओर बढ़े और वहां विरोध प्रदर्शन करते हुए सड़क जाम कर दिया। इस दौरान पुलिस विरोधी नारेबाजी भी की गई। इसके बाद पुलिस ने एक युवक को हिरासत में लेकर थाने भेज दिया और ग्रामीणों को कार्रवाई का आश्वासन दिया। करीब 11 बजे मामला शांत हुआ और ग्रामीणों ने धरना समाप्त किया।
पांडेय टोला स्थित एक टावर पर धार्मिक और राष्ट्रीय ध्वज दोनों लगाए गए थे, जिन्हें लेकर रविवार को विवाद शुरू हुआ था। एक समुदाय के लोगों ने आरोप लगाया कि उनके धार्मिक ध्वज को कुछ लोगों ने क्षतिग्रस्त कर दिया। इस पर उन्होंने थाने में तहरीर दी और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने मामले की जांच करते हुए अमित गोंड के खिलाफ शांति भंग की धारा में कार्रवाई की।
रविवार शाम को जब ग्रामीणों को इस मामले की जानकारी मिली तो वे थाने पहुंचे और राष्ट्रीय ध्वज को क्षतिग्रस्त करने का आरोप लगाते हुए केस दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग की। पुलिस ने इस मामले में तीन लोगों को हिरासत में लिया और कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद ग्रामीण वापस चले गए।
सोमवार सुबह पुलिस की तरफ से ठोस कार्रवाई नहीं किए जाने पर ग्रामीणों ने फिर से झंगहा थाने का घेराव किया और सड़क जाम कर दिया। इस दौरान उनका आरोप था कि पुलिस दूसरे समुदाय के साथ मिली हुई है और जान बूझकर आरोपियों के विरुद्ध कार्रवाई नहीं कर रही है। मामला बढ़ने पर थाना प्रभारी ने दोपहर 11 बजे ग्रामीणों को बताया कि एक और आरोपी को पकड़ लिया गया है।
एसपी नाॅर्थ जितेंद्र कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि मामले की जांच चल रही है। चार लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। साक्ष्य के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।