जाम की वजह से लोगों का पैदल पार करना भी हुआ मुश्किल, पुलिस को करनी पड़ी मशक्कत
विसर्जन स्थल पर पुलिस का पहरा, बैरिकेडिंग के अलावा गोताखोर रहे तैनात
संवाद न्यूज एजेंसी
महराजगंज। शहर में मां दुर्गा की प्रतिमा विसर्जन के दौरान करीब दो घंटे तक सक्सेना चौक पार करने में दुश्वारियां हुई। बडे़ वाहनों को शहर के बाहर रोक दिया गया था। इसके बावजूद शहर में उमड़ी भीड़ की वजह से लोगों को काफी परेशानी झेलनी पड़ी। भीड़ को संभालने में पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। उधर, त्रिमुहानी घाट पर विसर्जन के दौरान बैरिकेडिंग के अलावा गोताखोर भी सतर्क रहे। वहीं, ग्रामीण इलाकों में मारपीट की छुटपुट घटनाएं भी हुईं, लेकिन पुलिस ने उन्हें शांत करा दिया।
मंगलवार मां दुर्गा की प्रतिमा विसर्जन के दौरान कुछ देर के लिए शहर में वाहनों की आवाजाही थम गई। दो पहिया वाहन तो दूर की बात पैदल भी कोई सक्सेना चौक पार नहीं कर पा रहा था। चौराहे पर समितियों के युवा करतब दिखा रहे थे तो आसपास के घरों की छतों से लोग देख थे। मां दुर्गा की महिमा का बखान गीताें के माध्मय से हो रहा था। सभी श्रद्धालु जय मां दी का जयघोष कर रहे थे। कॉलेज रोड, गोरखपुर रोड चौराहे से पचास मीटर दूर तक खचाखच श्रद्धालुओं ने भरा हुआ था।
सदर विधायक जयमंगल कन्नौजिया, पूर्व चेयरमैन कृष्णगोपाल जायसवाल समेत अन्य लोगों ने चौराहे मां दुर्गा की आरती की। अखाड़ों के युवाओं का करतब देखकर उनका उत्साह बढ़ाया। देर शाम शहर कर सभी प्रतिमा कतारबद्ध ट्राली पर फरेंदा रोड से बढ़ी तो पुलिस को आवागमन बहाल करने में पसीने आने लगे। एक किनारे के लेन को खाली रखा गया था। करीब दो घंटे बाद सभी ट्राॅली शहर से आगे बढ़ गई तो लोगों ने राहत की सांस ली।
उधर, त्रिमुहानी घाट पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। गोताखोर तैनात रहे। वहीं पुलिस भी प्रत्येक हलचल पर नजर रखे हुए थी। विसर्जन के दौरान उत्साहित युवा भक्ति गीतों की धुन पर थिरक उठे। कुछ रील बनाने में लगे थे। रिंकू ने बताया कि प्रत्येक वर्ष दशहराें विसर्जन के दौरान दोस्तों के साथ जुलूस में शामिल होता हूं। बहुत अच्छा लगता है। सभी को अपने धर्म संस्कृति की रक्षा के लिए तत्पर रहना चाहिए।
प्रभारी निरीक्षक सदर कोतवाली आनंद गुप्ता ने बताया कि विसर्जन के दौरान पुलिस टीम सभी प्रमुख स्थानों पर तैनात रही। बड़े वाहनों काे डायवर्ट कर गया था। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस सतर्क रही।