सौनोली बार्डर पर मिली चरस।
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सोनौली। काठमांडू से दिल्ली जा रही मैत्री बस में सवार रूसी नागरिक के पास चरस बरामद कर एसएसबी और सोनौली पुलिस ने जेल भेज दिया। वह बिजनेस वीजा पर गोवा जा रहा था।
शनिवार की रात दस बजे एसएसबी कैंप प्रभारी राजा कुमार और सोनौली चौकी प्रभारी राज प्रकाश सिंह टीम के साथ सीमा पर नेपाल से आने वाली बसों की रूटीन चेकिंग कर रहे थे। उसी समय काठमांडू से सोनौली पहुंची मैत्री बस की जांच के दौरान एसएसबी और पुलिस ने विदेशी नागरिक के बैग की तलाशी ली। बैग के निचले हिस्से में चरस के दो पैकेट बरामद हुए। उसका वजन 1.900 किलोग्राम पाया गया।
पूछताछ में उसने अपना नाम डेनियर विलदानो (32) निवासी रूस बताया। उसने बताया कि वह काठमांडू के ठमेल से चरस खरीद कर दिल्ली और फिर गोवा जाने वाला था। उसके कई मित्र गोवा में हैं। उन्हीं के लिए चरस ले जा रहा था। इसके पहले भी वह नेपाल के रास्ते चरस लेकर धर्मशाला और हरिद्वार जा चुका है। एसएसबी के उपसेनानायक दिलीप झा ने बताया कि युवक के पास भारतीय, नेपाली और अमेरिकी करेंसी के साथ ही सिम कार्ड भी बरामद हुआ हैं। इस संबंध में कोतवाल सोनौली सोनकर बाबू ने बताया कि पकड़े गए रूसी नागरिक को जेल भेज दिया गया।
कुत्ते को जेल साथ ले जाने की जिद कर रहा था
सोनौली। चरस के साथ पकड़ा गया रूसी नागरिक काठमांडू की एक गली से एक पिल्ला पकड़ कर अपने साथ रख लिया था। काफी समय साथ रहने से दोनों में इस कदर लगाव हो गया कि डेनियर जेल जाते समय सोनौली कोतवाली में एक बार तो पुलिस से जिद ही कर बैठा कि पिपो भी उसके साथ जेल में रहेगा। लेकिन पुलिस की सख्ती के आगे उसकी एक न चली और पिपो अपने विदेशी दोस्त से बिछड़ गया।