महराजगंज। बीएसए ने शनिवार को प्राथमिक स्कूलों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान एक गुरुजी उनको रुपये पकड़ाने लगे। इससे गुस्साए बीएसए ने शिक्षक को स्पष्टीकरण का नोटिस दिया है। जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर निलंबित करने की चेतावनी दी गई है। इसके मिठौरा कस्तूरबा विद्यालय बंद पाया गया। इस पर गैरहाजिर स्टाफ का मानदेय काटने का निर्देश दिया।
बीएसए सबसे पहले मिठौरा ब्लाक के प्राथमिक विद्यालय सिन्दुरिया पहुंचे। वहां साफ-सफाई का निर्देश दिया। कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय मिठौरा बंद मिला। केवल चौकीदार और चपरासी मिले। इस पर गैरहाजिर स्टाफ का मानदेय काटने का निर्देश बीएसए ने दिया। बीआरसी मिठौरा पहुंचकर बीईओ सीपी गौड़ और सह समन्वयक रामचरन को विभागीय कार्य समयबद्ध तरीके से कराने का निर्देश दिया। प्राथमिक विद्यालय सेमरा मेें साफ-सफाई बदतर होने पर प्रभारी हेडमास्टर राघवेन्द्र पटेल को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया।
उच्च प्राथमिक विद्यालय भुलना के निरीक्षण में हेडमास्टर दरबारी प्रसाद और सहायक मनोज कुमार उपस्थित मिले। विद्यालय पर नामांकित 38 बच्चों के सापेक्ष महज तीन बच्चे ही मौजूद मिले। जिस पर कड़ी फटकार लगाते हुए साफ सफाई कराने का निर्देश दिया गया। निरीक्षण के बाद विद्यालय से निकलते वक्त हेडमास्टर बीएसए को कुछ रुपये देने लगे। इससे नाराज होकर बीएसए ने उनको नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण तलब किया। दो दिनों के भीतर उनका संतोषजनक जवाब न आने पर निलंबित करने की चेतावनी दी। प्राथमिक विद्यालय भगवानपुर में 124 नामांकित बच्चों के सापेक्ष महज 32 छात्र ही मौजूद मिले। इस पर हेडमास्टर लाल अंबुज पांडेय को फटकार लगाई गई। उनको विद्यालय की साफ सफाई कराने का निर्देश दिया गया। बीएसए आनंद प्रकाश शर्मा का कहना है कि निरीक्षण के दौरान गड़बड़ी मिलने पर संबंधित शिक्षकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। घूस देने की कोशिश करने वाले शिक्षक को नोटिस जारी किया गया है।