ललितपुर। घर से खेत पर गए छह ग्रामीण अचानक बांध के गेट खुलने से नदी का जलस्तर बढ़ने से फंस गए। ग्रामीणों ने पानी से बचने के लिए एक टापू पर शरण ली। बांध के गेट बंद कराए गए। इसके बाद सभी ग्रामीणों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
तहसील महरौनी के खजुरिया गांव निवासी माेहम्मद शाकिर, सानू पुत्र सत्तार खान, जीशान पुत्र बसीर, बृजेश बुनकर पुत्र जयराम, रहमत अली पुत्र शेर अली, इकबाल खान पुत्र ईशा खां निवासी ग्राम खजुरिया बृहस्पतिवार सुबह सजनाम नदी किनारे गए थे। बुधवार की रात से हो रही बारिश से सजनाम बांध में पानी की आवक ज्यादा होने पर अतिरिक्त पानी की निकासी करने के लिए सजनाम बांध के चार गेट डेढ़-डेढ़ मीटर खोल दिए गए। बांध के गेट खुलने से सजनाम नदी का जलस्तर बढ़ गया। इससे सभी छह ग्रामीण पानी के बीच एक टापू पर फंस गए। गांव के लोगों को सूचना दी तो वह मौके पर पहुंचे। लेकिन सजनाम नदी पूरे उफान पर बहने से ग्रामीण कोई प्रयास नहीं कर पा रहे थे। ग्रामीणों के नदी के बीच फंसने की सूचना पर एसडीएम महरौनी, अधिशासी अभियंता भूपेश सुहेरा सहित महरौनी पुलिस मौके पर पहुंची। शाम करीब 5:30 को सजनाम बांध के गेट बंद कराए गए। इसके बाद नदी में पानी का स्तर कम हुआ। टापू पर फंसे सभी छह ग्रामीणों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। ग्रामीणों के बाहर निकल आने के बाद सजनाम बांध के एकबार फिर से गेट खोल दिए गए।
बांध से निकली सजनाम नदी एक टीले के दोनों ओर है बहती
सजनाम बांध से निकलने वाली सजनाम नदी ग्राम खजुरिया के पास पहुंचने पर एक टीले के पास दो हिस्सों में बंटने के बाद आगे पुन: मिल जाती है। उक्त टापू पर ही सभी छह ग्रामीण मौजूद थे। जोकि बांध के गेट खुलने पर उक्त टापू पर फंस गए थे।
बांध के गेट खोले जाने से पहले निचले क्षेत्र के गांवों में सूचना देकर अलर्ट दिया गया था। इसके बाद गेट खोले गए थे। इससे नदी किनारे गए छह ग्रामीण एक टापू पर फंस गए थे। इसके बाद बांध के गेट बंद किए गए। नदी का जलस्तर कम होने के बाद सभी छह ग्रामीणों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। - इंजी. विनोद कुमार, सहायक अभियंता सिंचाई खंड।