ललितपुर। जिला उद्योग व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने प्रदेश के मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर सहालग के सीजन में बाजार बंद कराने पर एतराज जताया। इसमें कहा गया कि कोरोना की दूसरी लहर में व्यापार पूरी तरह ध्वस्त हो चुका है। इससे व्यापारियों की परेशानी बढ़ गई हैं। उन्होंने सुबह या शाम चार घंटा बाजार खोलने की अनुमति मांगी है।
जिलाध्यक्ष सुरेश बडेरा सीएम को भेजे ज्ञापन में बताया कि अप्रैल व मई का भी माह पूर्ण होने जा रहा है। लगभग दो महीनों से दुकानें बंद रही। ऐसी स्थिति में बिजली का बिल, हाउस टैक्स, कर्मचारियों का वेतन एवं दुकान के अन्य खर्चों का भुगतान करना असंभव है। जिला वरिष्ठ महामंत्री प्रदीप सतरवांस व जिला महामंत्री शैलेंद्र सिंघई ने कहा कि इस समय सहालग का सीजन चल रहा है, दुकानें बंद होने से शादी का सामान मुश्किल से मिल पा रहा है। इसके अलावा बरातियों के लिए भोजन, जलपान की व्यवस्था करने में भी परेशानियां हो रही है। कई शादियां टूट रही हैं और कई शादियां कैंसिल हो रही हैं। इससे होटल एवं बरात घरों की बुकिंग कराने के लिए एडवांस दिया पैसा डूब रहा है। इसी तरह बैंडबाजा कैटरर्स, फोटोग्राफर, लाइट, टेंट हलवाई, आइसक्रीम पार्लर, आतिशबाज फूल माला एवं अन्य लोगों को दी गई एडवांस रकम डूब रही है। हालात अत्यंत दुखद एवं भयावह हैं। प्रदेश सरकार द्वारा बाजारों को बंद करवाना पूर्णता अनुचित है। यदि कोरोना महामारी के कारण बाजार बंद करना बहुत आवश्यक हो तो प्रतिदिन सुबह या शाम 4 घंटा बाजार खोलने की व्यवस्था अवश्य की जाए। उन्होंने सुबह या शाम 4 घंटे बाजार खुलवाने की गाइडलाइन जारी करने की मांग की है।