20 प्रतिशत राशि केवल उन पंचायतों को दी जाएगी, जो खुद की आय अर्जित कर रहीं
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। शासन ने ग्राम पंचायतों को स्वयं की आय बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित करने की दिशा में नई पहल की है। आगामी वित्तीय वर्ष से लागू होने वाली इस व्यवस्था के तहत केंद्रीय व राज्य वित्त से मिलने वाली धनराशि का 80 प्रतिशत हिस्सा सभी ग्राम पंचायतों को सामान्य रूप से दिया जाएगा, जबकि शेष 20 प्रतिशत राशि केवल उन पंचायतों को दी जाएगी, जो खुद की आय (ओएसआर) अर्जित कर रही हैं।
जिले की 415 ग्राम पंचायतों को विकास कार्यों के लिए केंद्रीय वित्त के तहत करीब 37 करोड़ रुपये मिलते हैं। अब तक यह राशि आबादी के आधार पर वितरित होती रही है, लेकिन नई व्यवस्था के अनुसार करीब सात करोड़ रुपये की 20 प्रतिशत धनराशि केवल आय अर्जित करने वाली पंचायतों को दी जाएगी। वर्तमान में जिले में लगभग 120 ग्राम पंचायतें ही ऐसी हैं, जो स्वयं की आय उत्पन्न कर रही हैं।
इस बदलाव से पंचायतों में राजस्व बढ़ाने की प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी और स्थानीय स्तर पर विकास कार्यों को गति मिलेगी। पंचायतें बाजार, तालाब, सामुदायिक भवन, मेला शुल्क और संपत्ति कर जैसे स्रोतों से आय बढ़ाने के प्रयास करेंगी।
शासन के इस निर्णय से पंचायतों की वित्तीय निर्भरता कम होगी और वे अपने स्तर पर योजनाएं लागू करने में सक्षम बनेंगी। इससे पारदर्शिता और जवाबदेही भी बढ़ेगी। - कुंवर सिंह यादव, जिला पंचायत राज अधिकारी