ललितपुर। जाखलौन व जीरौन रेलवे स्टेशन के मध्य नौ सितंबर की रात को संपर्क क्रांति एक्सप्रेस से गिरकर संतकबीर नगर निवासी युवती की मौत के मामले में नया मोड़ सामने आया है। संतकबीर नगर निवासी युवती और उसके प्रेमी को वहां की पुलिस पुणे से बरामद कर ला रही थी इसी दौरान रास्ते में प्रेमी युगल ट्रेन से गिर गए और हादसा हो गया। जिला अस्पताल में भर्ती प्रेमी का आरोप है कि उन्हें किसी ने ट्रेन से धक्का दे दिया था। हालांकि शनिवार रात संतकबीर नगर के खलीलाबाद थाना पुलिस प्रेमी को अपने साथ ले गई है।
संतकबीर नगर के थाना खलीलाबाद क्षेत्र के एक गांव निवासी युवती का कुछ माह पहले अपहरण हुआ था। मामला थाने में दर्ज हुआ था। संतकबीर नगर की पुलिस युवती और युवक को पुणे से बरामद करके अपने साथ पुलिस अभिरक्षा में ले जा रही थी। युवती की मां भी उनके साथ में थी। ट्रेन ललितपुर के जाखलौन व जीरौन रेलवे स्टेशन के मध्य पहुंची थी, उसी दौरान ट्रेन में प्रेमी के साथ गेट पर खड़ी युवती अचानक से गिर गई थी। युवक भी नीचे गिर गय। युवती का शव रेल पटरियों पर जाखलौन पुलिस को क्षत विक्षत हालत में पड़ा मिला था। पोस्टमार्टम कराने के बाद उसकी मां ने ललितपुर के श्मशान घाट पर उसका अंतिम संस्कार कर दिया था।
वहीं, संतकबीर नगर निवासी प्रेमी जाखलौन के जीरौन रेलवे स्टेशन के पास पड़ा गंभीर रूप से घायल अवस्था में पड़ा मिला था, जिसे गैंगमैन ने जिला अस्पताल में भर्ती करा दिया था। झांसी स्टेशन पर ट्रेन रुकने पर संतकबीर नगर पुलिस आरोपी युवक को खोजते हुए जिला अस्पताल पहुंची और शनिवार को डिस्चार्ज कराने के बाद अपने साथ ले गई।
उधर, मामले की जानकारी होने पर घायल प्रेमी का भाई जिला अस्पताल आया उसने बताया कि युवती और उसका भाई पति-पत्नी के रूप में पुणे में रहते थे, युवती करीब आठ माह की गर्भवती थी। संतकबीर नगर पुलिस उन दोनों को अपने साथ ले जा रही थी। युवक का आरोप है कि ललितपुर में जब युवती गेट के पास मुंह धोने के लिए गई, वह भी वहां खड़ा था। इसी दौरान उसे किसी ने धक्का दिया, जिससे वह दोनों ट्रेन से नीचे गिर गए। थानाध्यक्ष प्रमोद दुबे ने बताया युवती के अपहरण का मुकदमा संतकबीर नगर में दर्ज हुआ था। लड़की को एक युवक भगा कर ले गया था और वह पुणे में मजदूरी कर रहा था। लड़की का शव जाखलौन के पास बरामद हुआ था। इस मामले में युवक के फरीदाबाद निवासी भाई ने बताया कि उसका भाई गांव के मोहल्ले की युवती के साथ करीब आठ-नौ माह से पुणे में रहा था और वहीं मजदूरी करता था। अपहरण का मुकदमा संतकबीर नगर के खलीलाबाद थाने में लिखाया गया था और वहां की पुलिस उन दोनों को संतकबीर नगर ले जा रही थी, कि यह हादसा हो गया।