पाली थाने में नाबालिग के साथ दुष्कर्म के आरोपी इंसपेक्टर तिलकधारी सरोज को प्रयागराज से लेकर ललितपुर तक वीआईपी ट्रीटमेंट दिया गया। एसी गाड़ी में बैठाकर उसे कोर्ट तक ले जाया गया। इतना ही नहीं कोर्ट के बाहर भी वह करीब दो घंटे तक एसी गाड़ी में ही बैठा रहा। यह गाड़ी सीओ प्रयागराज की बताई जा रही है।
ललितपुर के पाली थाने में तेरह वर्षीय दुष्कर्म पीड़िता के साथ एसओ तिलकधारी सरोज ने दरिंदगी की थी। 3 मई को उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था। मुकदमा दर्ज होने के बाद वह फरार हो गया। 4 मई को पुलिस ने उसे प्रयागराज से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी एसओ को गिरफ्तार करने के बाद बृहस्पतिवार की सुबह उसे ललितपुर लाया गया। वह एक लग्जरी गाड़ी से ललितपुर तक पहुंचा।
यहां पहले अफसरों ने उसके पूछताछ की और इसके बाद कोरोना टेस्ट कराया गया। सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद आरोपी एसओ को एसी गाड़ी से ही कोर्ट ले जाया गया। जिस तरह से पुलिस उसे कोर्ट लेकर जा रही थी उससे लग नहीं रहा था कि किसी आरोपी को ले जाया जा रहा है।
दोपहर को पुलिस उसे लेकर कोर्ट पहुंची थी लेकिन सुनवाई में दो घंटे का वक्त था लिहाजा कोर्ट के बाहर उसे एसी गाड़ी में बैठाया गया। इस दौरान पुलिस के लोग आकर यहां उससे मिलते रहे। एसपी निखिल पाठक का कहना है कि प्रयागराज के सीओ अपनी ही गाड़ी में आरोपी इंसपेक्टर को ललितपुर तक लाए थे। उसी गाड़ी से कोर्ट तक ले जाया गया।