ललितपुर। मानसून की दस्तक से पूर्व आखिर नगर पालिका ने नालों की सफाई का काम शुरू करा ही दिया है। अमर उजाला में खबर प्रकाशित होने के बाद नगर पालिका अध्यक्ष ने खुद नेतृत्व करते हुए नालों की सफाई का काम शुरू करा दिया है। मानसून के पहले नाले साफ न होने से काफी परेशानी हो सकती थी।
नगर पालिका द्वारा नालों की सफाई पर ध्यान नहीं देने की खबर को अमर उजाला ने नौ जून के अंक में पेज नंबर तीन पर ‘मानसून बनेगा दुश्वारियों का सबब’ शीर्षक से प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इसे संज्ञान में लेते हुए नगर पालिका अध्यक्ष सुभाष जायसवाल ने शहर के नालों व नालियों की सफाई का अभियान शुरू करा दिया है। शनिवार को उन्होंने अपनी उपस्थिति में अभियान शुरू कराया। दोनों सफाई निरीक्षकों को निर्देश दिए कि बरसात से पूर्व सभी छोटे-बड़े नालों की सफाई करा दी जाए, जिससे बरसात के समय पर जलभराव की समस्या का सामना आम लोगों का नहीं करना पड़े।
शहर में तीस नाले हैं, जिनकी लंबाई बीस किमी है। वहीं, नगर पालिका अध्यक्ष व अधिशाषी अधिकारी राकेश कुमार ने वार्ड नंबर नौ में सावरकर चौक से घंटाघर तक सफाई कर्मियों द्वारा की जा रही नालियों की सफाई का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने सफाई कर्मियों को सफाई के दौरान निकलने वाले कचरे को तत्काल हटाने के निर्देश दिए, जिससे वह वापस नालों व नालियों में जा पाए।
रमजान माह को देखते हुए उन्होंने सफाई एवं खाद्य निरीक्षक दिनेश कुमार बरौनिया को प्रतिदिन नालियों की सफाई, कचरे का निस्तारण व चूना छिड़काव करने को कहा। इस दौरान मुख्य सफाई निरीक्षक आरके लावनियां, रमाकांत तिवारी, विनीत कुमार, रुपेश कुमार, सनी जैन आदि मौजूद रहे।
नागरिक भी करें सहयोग
नगर पालिका अध्यक्ष सुभाष जायसवाल ने नागरिकों से नगर को साफ-सुथरा रखने में सहयोग देने की अपील की है। उन्होंने कहा कि कचरे को निर्धारित जगहों पर डालें। नालियों व नालों में मलबा आदि डालने से बचें, जिससे बरसात के मौसम में किसी भी प्रकार की समस्या का सामना नहीं करना पड़े।