तालबेहट। ग्राम करेंगा के बजरंगबली मंदिर प्रांगण में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन कथा व्यास पं. अजय तिवारी ने सृष्टि विस्तार और कपिल देवहूती संवाद का वर्णन किया।
उन्होंने कहा कि शुकदेव जी के जन्म के समय सभी जगह जल ही जल था। फिर शुकदेव ने पाताल लोक से पृथ्वी को लाकर सृष्टि की रचना की। उन्होंने कहा कि आज के युग में ध्रुव जैसा पुत्र मिलना सौभाग्य है। इस मौके पर मुख्य यजमान विमला रामसहाय गंगेले, राजकुंवर उपाध्याय, रंजना तिवारी, रामसेवक पाठक, राजनारायण गंगेले, परशुराम तिवारी, विजय पाठक, पंकज गंगेले आदि मौजूद रहे। संवाद