- जिला मजिस्ट्रेट ने एक लाख का लगाया जुर्माना, 72.24 लाख रुपये निबंधन शुल्क की भी होगी वसूली
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। सदर तहसील अंतर्गत महरौनी खुर्द में 10 मेगावाट का सोलर प्लांट स्थापित है। विगत 22 अगस्त 2022 को इस प्लांट को जैकसन पावर प्राइवेट लिमिटेड ने टेरालाइट कॉजी सोलर प्राइवेट लिमिटेड को यह प्लांट बेचा था, लेकिन विक्रय पत्र में सिर्फ भूमि का स्टांप शुल्क अदा किया था, जबकि सोलर प्लेट व अन्य निर्माण का जिक्र नहीं किया था। इसका वाद जिला मजिस्ट्रेट न्यायालय में विचाराधीन था, जिसमें न्यायालय ने सभी पक्षों को सुनने व स्थलीय निरीक्षण के आधार पर 3.61 करोड़ की स्टांप चोरी पाई है।
महरौनी खुर्द में जैकसन पावर ने 19.491 हेक्टेयर में अपना सौर ऊर्जा प्लांट लगाया था, जिसकी बिक्री विगत 2022 में टेरालाइट कॉजी सोलर को कर दी। इसमें उन्होंने भूमि के अलावा एक मंजिला भवन जिसमें ऑफिस संचालन जो 115 वर्गमीटर में निर्मित है, साथ ही 2875 वर्गमीटर की चहारदीवारी, एक बोरवेल दर्शाया गया। जिसकी लागत 24,51,57,900 रुपये बताते हुए, उसका स्टांप शुल्क 1,22,60,000 रुपये व निबंधन शुल्क 24,51,579 अदा किया गया। इस बैनामा की जांच अपर उपजिलाधिकारी प्रथम ने की, जांच में पाया गया कि बैनामा मेें 13.40 वर्गमीटर में बने गार्ड रूम, आठ सोलर सब स्टेशन, 1650 वर्ग मीटर में निर्मित यू टाइप डेन, 194910 वर्गमीटर का कच्चा पाथ एवं ग्राउंड लेवलिंग, दो गेट, 2044 सोलर पैनल स्टैंड का जिक्र नहीं किया। जांच के दौरान तीन करोड़ 61 लाख 21 हजार 868 रुपये की कमी पाई गई, साथ ही 72 लाख 24 हजार 374 रुपये कम निबंधन शुल्क जमा किया गया। इसका वाद जिला मजिस्ट्रेट न्यायालय में विचाराधीन था, जिला मजिस्ट्रेट अक्षय त्रिपाठी ने सभी पक्षों को सुनने बाद तथा अपर उप जिलाधिकारी प्रथम की रिपोर्ट को आधार मानते हुए, क्रेता पर एक लाख रुपये जुर्माना लगाते हुए, स्टांप ड्यूटी की धनराशि 1.5 प्रतिशत मासिक साधारण ब्याज की दर से वाद दायर की तिथि से अदा करने के आदेश जारी किए हैं। साथ ही निबंधन शुल्क 72.24 लाख रुपये वसूली का आदेश जारी किया है।