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सुविधाओं के नाम पर हरदीला के हाथ सूने

Wed, 13 Jul 2016 01:56 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
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hrdela, lalitpur news - फोटो : amar ujala, jhansi news
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ललितपुर। नगर के वार्ड नंबर 15 में राजघाट रोड पर एक मुहल्ला ऐसा भी है, जहां की स्थिति वर्षों बाद भी गांवों से बदतर है। 200 से अधिक परिवारों की बस्ती हरदीला में न ही सड़के बनीं हुई हैं और न ही नालियां। वहीं, इस मोहल्ले में केंद्र सरकार की स्वच्छ भारत मिशन योजना का असर भी देखने को नहीं मिल रहा है। बस्ती में शौचालयों की व्यवस्था न होने के चलते लोग खुले में जाने को मजबूर हैं। इसके अलावा मोहल्लेवासी बिजली व पानी की समस्या की भी मार झेल रहे हैं। 
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नगर के वार्ड नंबर 15 में इलाइट चौराहा से राजघाट की ओर जाने वाले मार्ग पर आलीशान इमारतों व पॉश क्लास कालोनियों से सटकर एक बस्ती बसी हुई है, इस मुहल्ले का नाम हरदीला है। यहां मजदूर वर्ग के दो सौ से अधिक परिवार कच्चे मकानों में जिंदगी बसर कर रहे हैं। इस बस्ती की स्थित गांवों से भी बदतर है, हरदीला में केवल 12 साल पुराना 50 मीटर खड़ंजा बिछा हुआ है। वहीं, पूरी क्षेत्र में न तो कहीं सड़क है और न ही नालियां बनीं हुई हैं।

बारिश में यहां के हालात और भी बदतर हो गए हैं, जिसकी वजह से कच्चे मकानों की छतों से पानी टपकना शुरू हो गया है। साथ ही मोहल्ले में कीचड़ की वजह से गंदगी फैली हुई है। स्थानीय लोगों द्वारा अनेेकों बार मुहल्ले के विकास की मांग की उठाई गई, लेकिन इन पर मेहरबानी करने वाला कोई नहीं है। 
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नगर पालिका का दोहरा व्यवहार
मुहल्ला हरदीला में रहने वाले लोगों के साथ नगर पालिका दोहरा व्यवहार कर रही है। जहां इस बस्ती में सड़कों व नालियों का नामोनिशान तक नहीं हैं, वहीं इससे चंद कदमों की दूरी पर बसी निजी कालोनियों में नियमों को ताक पर रखकर लाखों रुपए की लागत से सीसी सड़कों व नालियों का निर्माण करा दिया गया है।

बिजली के खंभे व नलों की व्यवस्था नहीं
पूरी बस्ती में कहीं पर भी बिजली के पोल नहीं लगे हुए हैं। सैकड़ों मीटर लंबे तार डालकर लोग सड़क पर लगे खंभों से बिजली लेकर काम चला रहे हैं। वहीं, जल संस्थान ने पेयजल पाइप लाइन की भी कोई व्यवस्था नहीं की है। स्थानीय लोग सार्वजनिक हैंडपंपों व कुओं के सहारे पानी की जरूरत को पूरा कर रहे हैं। 

नहीं है शौचालय
200 से अधिक परिवारों की बस्ती में एक भी शौचालय नहीं है। लोग खुले में शौच के लिए जाते हैं। भारत सरकार की स्वच्छ भारत मिशन योजना के तहत बनाए जा रहे शौचालयों के लिए बस्ती के कई लोगों ने आवेदन किए हैं। भारत सरकार ने मार्च 2017 तक शहर को खुले में शौच मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा है।

मुहल्ले में सड़क व नाली नहीं होने के कारण काफी समस्या होती है। बरसात के समय में स्थिति और भी बदतर हो जाती है। पैदल निकलना भी मुश्किल भरा होता है। हमारी सुनने वाला काई नहीं है।
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-राकेश कुमार
स्थानीय निवासी

मुहल्ला हरदीला में सड़क व नालियों के निर्माण के लिए बोर्ड में प्रस्ताव पास है, बजट आते ही निर्माण कार्य शुरू करवा दिया जाएगा।
सुरेंद्र सिंह यादव
पार्षद - वार्ड नंबर 15
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