ललितपुर। विकास भवन में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से फैमिली आईडी एक परिवार एक पहचान योजना के प्रगति की विस्तृत समीक्षा बैठक मुख्य विकास अधिकारी शेषनाथ सिंह चौहान ने की। बैठक में योजनावार लाभार्थियों की फैमिली आईडी न बनने के कारणों की गहन समीक्षा की गई.
समीक्षा के दौरान सामने आया कि योजनावार कुल 1,50,084 लाभार्थियों के सापेक्ष अब तक 81,841 लाभार्थियों की फैमिली आईडी बनना बाकी है। इसमें उप निदेशक कृषि के अंतर्गत कुल 35,150 लाभार्थियों में से 14,283 फैमिली आईडी बाकी हैं। मनरेगा की कुल 47,899 लाभार्थियों में से 21,177 बाकी हैं। वृद्धा पेंशन में कुल 14,260 लाभार्थियों में से 9,027 बाकी हैं। निराश्रित महिला में कुल 5,616 लाभार्थियों में से 3,185 बाकी हैं। दिव्यांगजन पेंशन में कुल 1,251 लाभार्थियों में से 585 बाकी हैं। मुख्यमंत्री आवास में कुल 49 लाभार्थियों में से 15 बाकी हैं। श्रमिक कार्ड में कुल 2,083 लाभार्थियों में से 1,688 बाकी हैं। स्वयं सहायता समूह के तहत कुल 5,862 जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के तहत कुल 37,913 लाभार्थियों में से 27,019 बच्चों को परिवार की फैमिली आईडी में जोड़ना बाकी है।
लापरवाही पर कार्रवाई की चेतावनी
योजना की अत्यंत धीमी प्रगति पर मुख्य विकास अधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की गई। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी संबंधित अधिकारी समय से लाभार्थियों की फैमिली आईडी बनवाना सुनिश्चित करें। निर्धारित समय में कार्य पूर्ण न होने की स्थिति में संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कठोर दंडात्मक व विभागीय कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी अधिकारियों को अंतिम चेतावनी जारी की है।