फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आबादी के ऊपर से निकली हाईटेंशन लाइन बनी जान को खतरा

विज्ञापन
घर की छतों से गुजरी खतरे की हाईटेंशन लाइन - फोटो : LALITPUR
विज्ञापन
ललितपुर। शहर के कई मोहल्लों में विद्युत विभाग की हाईटेंशन लाइनें लोगों के लिए दहशत का आलम बन गईं हैं। कई बार हाइटेंशन लाइनों की जद में आने से हादसे भी हो चुके हैं। बीते छह माह पिसनारी मोहल्ले में छत के ऊपर से निकले हाइटेंशन लाइन की चपेट में आने से एक छात्र की मौत भी चुकी है। जबकि, नेहरुनगर में भी हाइटेंशन करंट से कई बार हादसे हुए हैं। तमाम प्रयासों के बाद भी मकानों के ऊपर से निकली हाइटेंशन लाइनों को नहीं हटाया जा सका है, जिसके चलते यहां के लोग हर समय हाईटेंशन मौत के डर के साये में दिन गुजारते हैं।
विज्ञापन

शहर के मोहल्ला पिसनारी व नेहरुनगर क्षेत्र में रिहायशी इलाकों में भी हाईटेंशन विद्युत लाइनों का जाल बिछा हुआ है। मोहल्ला पिसनारी में राजघाट की ओर नहर के बायीं ओर बड़ी आबादी बस गई है, जहां सैकड़ों मकान बनकर तैयार हो गए हैं और यहां कई मकानों के ऊपर से हाईटेंशन विद्युत लाइन निकली है। यहां भवन निर्माण के दौरान ही कई कामगारों को भी करंट लग चुका है। जबकि, लगभग पांच माह पूर्व ही इसी मोहल्ले में एक मकान में राजघाट के दो विद्यार्थी किराए से रहते थे, जिनमें एक एक विद्यार्थी शिवम राजा छत पर पढ़ाई करते समय जब उठकर दूसरी ओर जाने लगा तो हाईटेंशन लाइन से छू गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। इस दौरान कई जनप्रतिनिधियों एवं जिला प्रशासन के अधिकारियों ने भी हाईटेंशन लाइन हटवाने या प्लास्टिक कोटेड कराने के लिए आश्वासन दिया था, लेकिन अब भी यहां हाईटेंशन लाइनें मौत बनकर लोगों के घरों पर झूल रही हैं। ऐसा ही कुछ हाल मोहल्ला नेहरु नगर का है, जहां सिद्घन बाइपास रोड से जुगपुरा क्षेत्र दायीं ओर दर्जनों मकानों के ऊपर हाईटेंशन लाइनें मौत बनकर निकली हैं और यहां भी अक्सर मकानों के निर्माण के चलते कई बार कामगारों को करंट लग चुका है। बीते दिनों झांसी के मऊरानीपुर में भी हादसे में दो की मौत हो गई। ऐसा ही संकट शहर के दो मोहल्लों में बड़ी आबादी के लिए हाईटेंशन मौत बनकर हादसों को न्यौता दे रहा है।
पिसनारी और नेहरुनगर मोहल्ले में मकानों के ऊपर से हाईटेंशन लाइनें हटाकर दूसरी ओर शिफ्ट करनी की व्यवस्था प्रशासन द्वारा कराई जानी चाहिए। हाईटेंशन लाइनें निकलने से यहां के लोग डर के साये में जी रहे हैं। कोई बड़ा हादसा होने से पहले लाइनों को हटाने की जरुरत है। - बलबंत सिंह राजपूत।
विज्ञापन

जहां मकान बन गए हैं, वहां से लाइनें हटाना जरुरी
जहां भी मकान बन गए हैं, वहां अब बिजली विभाग का दायित्व है कि वहां से जनता के हित में हाईटेंशन लाइनों को हटाया जाए, ताकि हादसे होने से बच सकें। - तिलक यादव, जिलाध्यक्ष, समाजवादी पार्टी।
निधि आने पर हटवाएं विद्युत लाइनें
यह मामला संज्ञान में है, मोहल्ला पिसनारी व नेहरुनगर में हाईटेंशन लाइनें पहले से निकली हैं और मकान बाद में बनाए गए हैं। बिजली विभाग को यह लाइनें हटाने के लिए धन की आवश्यकता है और इसके लिए धन है नहीं। विधायक निधि आने पर इस निधि के पैसे से लाइनें हटवाई जाएंगी। - रामरतन विधायक, सदर विधायक।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें