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काम पर नहीं, जाति-धर्म के नाम पर वोट मांग रही है भाजपा

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ग्रामीण महिलाओं से मिलते अखिलेश यादव - फोटो : LALITPUR
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ललितपुर। बृहस्पतिवार को समाजवादी विजय रथ लेकर ललितपुर पहुंचे सपा मुखिया अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा काम के आधार पर वोट नहीं मांग रही है, क्योंकि उन्होंने कोई काम नहीं किया है। ये लोग जाति और धर्म के नाम पर वोट मांग रहे हैं। देश की गंगा-जमुनी संस्कृति को खत्म करने की कोशिश की जा रही है।
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अखिलेश ने कहा कि भारत की पहचान है कि यहां सभी जाति-धर्म के लोग मिलकर एक साथ रहते हैं। हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई, जैन, बौद्ध हम सब मिलकर साथ रहते हैं। ये मिलीजुली संस्कृति ही हमारे देश और समाज की पहचान है। इसी को खत्म करने का काम भाजपा के लोग कर रहे हैं। इस सरकार में किसान- नौजवान दुखी हैं और व्यापारी बर्बाद हुआ है। जाति-धर्म के खेेल ने उत्तर प्रदेश को पीछे धकेलने का काम किया है। इन्होंने कोई काम नहीं किया। यही वजह है कि सरकार ने अपने विज्ञापन में तेलंगाना के बांध को बुंदेलखंड का दिखाते हुए तस्वीर लगाई। इतना ही नहीं, अमेरिका की एक फैक्टरी की तस्वीर तक लगा डाली। इन्होंने सिर्फ लोगों को लाइन में लगाने का काम किया। पहले नोटबंदी के दौरान जनता को लाइन में लगाया। कोरोना काल में लोगों को दवाओं के लिए लाइन में लगना पड़ा और अब खाद के लिए किसान लाइन में लगा है। यही वजह है कि अब ये लोग काम के नाम पर वोट नहीं मांग रहे हैं।
इस दौरान अखिलेश ने कहा कि ये नई सपा है। इसमें सभी का सम्मान और सभी की भागीदारी है। लोग सवाल उठाते हैं कि जातियों की जनगणना क्यों नहीं हो रही? कहा कि जातीय जनगणना इसलिए नहीं हो रही कि उनकी जाति कागज पर है। गिनती होगी तो पोल खुल जाएगी। जो जनगणना नहीं करना चाहते, वो आपके कल्याण के बारे में नहीं सोच सकते। सपा की सरकार बनने पर जाति की जनगणना होगी और सभी की भागीदारी भी होगी।
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ललितपुर के गिन्नौट बाग में आयोजित जनसभा के दौरान जमा हुई भीड़ से अखिलेश उत्साहित नजर आए। उन्होंने कहा कि मौसम खराब होने के बाद भी यहां भारी भीड़ जमा हुई है, जिसमें सपा को आगामी चुनाव में मिलने वाला अपार जनसमर्थन नजर आ रहा है। ये भीड़ लखनऊ में बैठे लोगों का मौसम खराब कर रही है।
अखिलेश ने पीएम मोदी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि वे कहते थे कि हमारा क्या है, हम तो झोला लेकर चले जाएंगे। लेकिन, हम गरीब लोग इसी झोले में बाजार से परिवार के सदस्यों के लिए सब्जी व अन्य सामान लेकर आते हैं। ये लोग गरीबों का दुख-दर्द क्या समझेंगे। भाजपा वाले महंगाई जानबूझकर बढ़ा रहे हैं। ये चाहते तो महंगाई रोक सकते थे।
इस दौरान अखिलेश यादव ने हवा का रुख सपा की ओर मोड़ने में कोई कसर नहीं छोड़ी। खासतौर पर किसानों को दुखती रगों पर उन्होंने हाथ रखा। उन्होंने खाद की समस्या उठाई तो वहीं बुंदेलखंड में व्याप्त अन्ना पशुओं की समस्या को भी उठाया। गिन्नौट बाग में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए अखिलेश ने कहा कि गो सेवा के नाम पर जिन्होंने सत्ता हासिल की है, वे अन्ना पशुओं की समस्या को नजरअंदाज कर रहे हैं। बुंदेलखंड का किसान मौसम की मार से बेजार रहता है। खाद - बिजली की समस्या का भी सामना करना पड़ता है। इसके बाद भी जैसे-तैसे किसान अपनी फसल तैयार करता है, उसे बुलडोजर वालों के बुल (सांड) चर जाते हैं। भाजपा सरकार अन्ना पशुओं की समस्या का भी अब तक समाधान नहीं कर पाई है। प्रदेश में सपा की सरकार बनने पर किसानों की सभी समस्याओं का समाधान किया जाएगा।

कार्यक्रम में लोगो को संबोधित करते पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव- फोटो : LALITPUR

ललितपुर। कार्यक्रम में लोगो को संबोधित करते पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव- फोटो : LALITPUR

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