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मवेशियों को बचाने की कोशिश में ग्रामीण की जलकर मौत

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मझगईं के भगवंतनगर गुलरा में जली पड़ी घास-फूस की घारी। संवाद - फोटो : LAKHIMPUR
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मझगईं (लखीमपुर खीरी)। इलाके के भगवंतनगर गुलरा गांव में शॉर्ट सर्किट से एक ग्रामीण के घर में घास-फूस की बनी घारी में बुधवार रात को आग लग गई। घारी में बंधे मवेशियों को बचाने कोशिश में ग्रामीण वहां घुस गया लेकिन आग इतनी विकराल थी कि ग्रामीण समेत पांच मवेशियों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। ग्रामीण को बचाने की कोशिश में उसका एक अन्य पड़ोसी ग्रामीण भी गंभीर रूप से झुलस गया। सूचना पर देर रात पुलिस मौके पर पहुंच गई और शव का पंचनामाभर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। युवक की मौत से परिजन में कोहराम मचा हुआ है। मां, पत्नी व भाइयों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना से गांव में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है।
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इलाके के भगवंतनगर गुलरा गांव निवासी 28 वर्षीय खेमकरन का घास-फूस का घर गांव के बाहर गुलरा टांडा जाने वाली रोड किनारे बना हुआ है। पास में ही उसका मंझला भाई भी रहता है। परिजन के मुताबिक बुधवार की रात खेमकरन खाना खाकर सो गया था। रात करीब 10 बजे उसकी घारी अचानक से धू-धू कर जलने लगी। तेज आंच से खेमकरन जाग गया और घारी में बंधे मवेशियों को बचाने के लिए जान की परवाह किए बगैर ही वहां घुस गया। लेकिन उसके बाद वह बाहर नहीं निकल सका। घटना में खेमकरन के साथ ही पांच मवेशियों की आग से जलकर मौत हो गई। पड़ोस में रहने वाले रामपाल ने उसको बचाने की कोशिश की लेकिन वह भी गंभीर रूप से झुलस गया। लोगों का कहना था कि आग काफी विकराल थी। सूचना पर देर रात ही पलिया इंस्पेक्टर भानू प्रताप सिंह, चौकी इंचार्ज के साथ मौके पर पहुंचे और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेजवाया है। उधर ग्रामीण की मौत से परिजन में कोहराम मचा हुआ है।
तीन भाइयों में सबसे छोटा था खेमकरन
मृतक खेमकरन तीन भाइयों में सबसे छोटा था। उसके पास मात्र दो बीघा जमीन होने के कारण वह मेहनत मजदूरी कर पत्नी सुनीता और दो साल की पुत्री शिवानी के साथ बूढ़ी मां शांति देवी का भी पेट पालता था। खेमकरन की मौत से पत्नी व बच्ची के साथ ही मां का भी बुरा हाल है।
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घटना के बारे में सुनकर सिहर उठे ग्रामीण
भगवंतनगर गुलरा गांव में घटना के बारे में सुनकर ग्रामीण भी सिहर उठे। पीड़ितों को समाजसेवी धर्मपाल चौधरी, सुखदेव सिंह, पूर्व प्रधानपति राधेश्याम भार्गव, श्याम बाबू शुक्ला, राजू चौरसिया, बरातीलाल चौहान आदि ने ढांढस बंधाया। क्षेत्रीय लेखपाल के साथ मौके पर पहुंचे ग्राम प्रधान नरेंद्र सिंह लाडी ने भी परिजन को सांत्वना दी और शीघ्र मुआवजा दिलाए जाने का आश्वासन दिया।
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