- खेतों से जंगल तक पार्क और वनकर्मी छान रहे खाक
बेला के लोहरा विरान में खेत की रखवाली करने वाले किसान भिखारी राना को मौत के घाट उतारने वाले बाघ की लोकेशन पता करने के लिए लगाए गए चार कैमरों में से किसी में भी बाघ नहीं दिखा है। पार्क कर्मियों की माने तो बाघ जंगल में चला गया है। कुछ भी हो ग्रामीणों में दहशत व्याप्त है, वे खेतों की ओर नहीं जा रहे हैं। वनाधिकारी मौके पर डटे हुए हैं और हाथियों से कांबिंग जारी है।
सोनारीपुर रेंजर कलीम अहमद ने बताया कि बाघ की लोकेशन जानने के लिए घटना स्थल के आसपास लगाए गए चार कैमरों को रविवार को चेक किया गया, लेकिन बाघ की तस्वीर कैमरे में नहीं मिली। मझगईं वनक्षेत्राधिकारी राधेश्याम ने बताया कि डीएफओ सूरज सिंह, एफडी सुनील चौधरी, वार्डन एन के उपाध्याय रविवार सुबह ही आ गए थे। बेलरायां, निघासन, संपूर्णानगर, सोनारीपुर का स्टाफ वहां मौजूद है और दो हाथियों से बराबर कांबिंग की जा रही है। पार्क अधिकारियों के मुताबिक बाघ का कहीं कोई पता नहीं मिला रहा है। कहा कि फिर भी रात दिन कांबिंग जारी रहेगी। फिलहाल जो भी ग्रामीणों में दहशत का माहौल है और वह खेतों की ओर नहीं जा रहे हैं।