मैलानी के नारंग जंगल में कांबिंग करते रेंजर व वनकर्मी। संवाद
मैलानी। नारंग गांव में सोमवार सुबह शावकों के साथ घूम रही मादा तेंदुए के हमले में दो युवक जख्मी हो गए। प्राथमिक उपचार के बाद दोनों को जिला चिकित्सालय ओयल रेफर किया गया। दोनों की हालत खतरे से बाहर है। बाद में मादा तेंदुआ जंगल किनारे चर रही एक बकरी को खींचकर जंगल में ले गई।
सोमवार सुबह करीब सवा नौ बजे नारंग निवासी रामसरन जंगल किनारे खेत में खीरा तोड़ रहा था, तभी मादा तेंदुए ने उस पर हमला कर दिया। हमले में उसके हाथ, पीठ और शरीर के अन्य हिस्सों पर पंजों के निशान आ गए। खेतों में काम कर रहे लोगों के शोर मचाने पर तेंदुआ दूसरे खेतों की ओर भागी। इसी दौरान साथियों सोनू और शिव नारायण के साथ खीरा तोड़ने जा रहे गौतम पर भी उसने हमला कर उसे जख्मी कर दिया।
दोनों घायलों को प्राथमिक चिकित्सालय ले जाया गया। फार्मासिस्ट प्रवीण मिश्रा ने बताया कि दोनों के शरीर पर तेंदुए के पंजों के खरोंच के निशान हैं। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें जिला चिकित्सालय ओयल भेज दिया गया।
सूचना पर वन क्षेत्राधिकारी सुरेंद्र कुमार श्रीवास्तव वनकर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि मादा तेंदुआ अपने दो शावकों के साथ खेत में देखी गई। एक शावक उनके सामने जंगल की ओर चला गया, जबकि दोपहर तक दूसरा शावक खेतों में ही मौजूद था। लगभग 11 बजे मादा तेंदुआ जंगल किनारे चर रही एक बकरी पर हमला कर उसे खींचकर जंगल में ले गई। वन क्षेत्राधिकारी ने ग्रामीणों से समूह में शोरगुल करते हुए खेतों में जाने और सतर्क रहने की अपील की। वनकर्मी मौके पर तेंदुए की निगरानी कर रहे हैं।