दुधवा जंगल में छोड़ी गई मादा गैंडा। फाइल फोटो। स्रोत-वन विभाग।
- फोटो : mathura
बांकेगंज। दुधवा टाइगर रिजर्व में गैंडा पुनर्वासन योजना फेज वन से स्वछंद विचरण के लिए छोड़े गए तीन में से एक मादा गैंडा विजयश्री बुधवार को रास्ता भटकर जंगल के बाहरी इलाके में पहुंच गया। दिन भर बाहरी हिस्से में भ्रमण करने के बाद शाम को उसकी लोकेशन फिर जंगल में मिली है।
जंगल के बाहरी हिस्से में मादा गैंडा के पहुंचने की जानकारी मिलते ही वन विभाग में हड़कंप मच गया। वनाधिकारियों ने मादा गैंडे को जंगल में वापस लाने के प्रयास शुरू कर दिए गए। आनन-फानन में कमैहया वन चौकी पर मौजूद दुधवा की प्रशिक्षित मादा हाथी अमृता और टेरेसा को महावतों और वन कर्मियों की टीम के साथ उसे वापस खदेड़ने के लिए भेजा गया। इसके बाद शाम तक विजयश्री जंगल में वापस आ गई।
दुधवा टाइगर रिजर्व के एफडी डॉ एच राजामोहन ने बताया कि वन कर्मियों की टीम को रेडियो कॉलर के जरिये गैंडे की लोकेशन दक्षिण सोनारीपुर जंगल से सटे गुलरा गांव के आस-पास मिली। कर्मियों की टीम गठित कर उसकी निगरानी के निर्देश दिए गए। बृहस्पतिवार को गैंडे की लोकेशन जंगल के अंदर मिली है।