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संक्रमण से उबरे बाजार को मिलने लगी संजीवनी

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लखीमपुर खीरी। कोरोना की पहली और दूसरी लहर ने जिले की आर्थिक गतिविधियों की कमर ही तोड़कर रख दी थी, लेकिन धीरे-धीरे पटरी पर लौटती जिंदगी ने बाजार को संक्रमण से उबरने की नई उम्मीद बंधाई है। ऐसे ही व्यापारियों और कारोबारियों का दुख दर्द साझा करने के लिए अमर उजाला ने उदय अभियान की शुरुआत की है। इसके जरिये जिले के व्यापारियों ने अमर उजाला के साथ कोरोना काल की पीड़ा और भविष्य की उम्मीदों को साझा किया है।
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जिले के प्रमुख उद्योगों व व्यापार से जुड़े कारोबारी बताते हैं कि कोरोना ने जो दंश दिया है, उसकी भरपाई कभी नहीं हो सकती। पिछले साल तीन महीने का लंबा लॉकडाउन और इस बार एक महीने के कर्फ्यू ने निश्चित ही व्यापार पर बुरा असर डाला है। कुटीर उद्योगों से लेकर बड़ी कंपनियों के डीलर और एजेंसी चलाने वाले कारोबारियों ने संक्रमण पर काबू होने से राहत की सांस ली है और उनकी व्यापार की गाड़ी दौड़ चुकी है। सराफा, ऑटोमोबाइल, फर्नीचर, होटल और कपड़ा व्यापार से जुड़े कारोबारियों के चेहरे पर मुस्कान लौटने लगी है। उधर, अमर उजाला उदय अभियान के तहत व्यापारियों को मोटिवेट कर जागरूक करने को लेकर व्यापारियों ने अमर उजाला का धन्यवाद दिया है।
व्यापारियों का कहना है कि इस अभियान का असर भी दिखने लगा है, बाजार अब गति पकड़ने लगा है। व्यापारियों का कहना है कि कोरोना की पहली और दूसरी लहर में व्यापारियों को जो नुकसान हुआ है, उसकी भरपाई अब काफी हद तक हो सकेगी। ऐसी उम्मीद जगी है।

कोरोना की वजह से ट्रांसपोर्ट व्यापार पर भी असर पड़ा है। लॉकडाउन और कर्फ्यू में सिर्फ जरूरी सेवाओं के लिये परिवहन जारी था। अब बाजार खुलने से ट्रांसपोर्ट व्यापार ने गति पकड़ी है। अमर उजाला का व्यापार को गति देने का यह अभियान काफी सराहनीय है, इससे व्यापारियों में सकारात्मक माहौल बना है। इससे कारोबार अब रफ्तार पकड़ने की उम्मीद जगी है। - इंद्रेश गुप्ता, जीवन ट्रांसपोर्ट कंपनी

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कोरोना काल ने वाकई ऑटोमोबाइल कारोबार की रीढ़ ही तोड़ दी थी। लोग आवश्यकताओं की पूर्ति में लगे थे, ऐसे मेें ऑटोमोबाइल कारोबार को झटका लगना ही थी, लेकिन धीरे धीरे अब माहौल बदल रहा है, बाजार में रफ्तार दिखने लगी है। अमर उजाला का उदय अभियान कोरोना काल में व्यापारियों के गिरे हुए मनोबल को उठाने में संजीवनी का काम कर रहा है। - सोनल अजमानी, सिंह होंडा

पिछले साल तीन महीने का लॉकडाउन और फिर इस साल एक महीने के कोरोना कर्फ्यू ने व्यापार पर काफी असर डाला। इस पर जब कोरोना कर्फ्यू लगा तो शादी और सहालग का सीजन चल रहा था, लेकिन बाजार बंद होने से व्यापार पर असर पड़ा है। हालांकि, अमर उजाला उदय अभियान ने व्यापारियों को हौसला दिया है, उम्मीद है कि अब हम और अच्छा करेंगे। - सवनीत अजमानी, सिंह टीवीएस

कोरोना काल ने जो दर्द दिया है, उसे भुलाया नहीं जा सकता, लेकिन अब बाजार खुलने के बाद अब राहत महसूस होने लगी है। हालांकि अभी भी पुराने नुकसान की भरपाई नहीं हो सकी है। कोरोना संक्रमण पर काबू होने पर बाजार सरपट दौड़ पड़ा है। अमर उजाला के उदय अभियान ने भी सकारात्मक माहौल बनाने में काफी मदद की है। लगता है अब सब सही हो जाएगा। - अनुराग सहगल, हंसराज होंडा

कोरोना संक्रमण पर काबू होने के बाद अब बाजार में फिर सामान्य माहौल है, जिससे लोग बिना दहशत के घर से बाहर निकलकर खरीदारी कर रहे हैं। ऑटोमोबाइल व्यापार ने भी गति पकड़ी है। कोरोना काल में अपने वाहन का चलन भी बढ़ा है, जिससे इस व्यापार में इजाफा हुआ है। अमर उजाला के उदय अभियान को माहौल को सकारात्मक बनाए रखने के लिए धन्यवाद। - विनय गुप्ता, श्री नारायन हीरो

अमर उजाला उदय अभियान को व्यापारियों के लिए मुहिम चलाने के लिए बहुत-बहुत धन्यवाद। कोरोना संक्रमण से व्यापार को नुकसान तो काफी हुआ है। इस नुकसान भी भरपाई हाल-फिलहाल संभव भी नहीं है, लेकिन हम टूटे नहीं हैं। धीरे-धीरे हालात सामान्य हो रहे हैं और व्यापार भी पटरी पर आ रहा है। उम्मीद है कि हम जल्द ही इस नुकसान की भरपाई कर लेंगे। - संजय बंसल, एसबी होंडा, गोला

कोरोना काल में बाजार और दुकानें बंद रहने से व्यापार काफी हद तक प्रभावित हुआ है। कई छोटे व्यापरियों के सामने तो परिवार चलाना तक मुश्किल हो गया था। इस कारेाना काल में कई व्यापारी तंगी के चलते खुदकुशी भी कर चुके हैं, लेकिन अब बेहतर की उम्मीद कर रहे हैं। बाजार खुलने से टर्नओवर बढ़ा है। जल्द उम्मीद है कि हम अपना पुराना नुकसान पूरा कर लेंगे। - युवराज दत्त तिवारी, बजरंग एजेंसीज

इस बार शादी-ब्याह के सीजन में कोरोना कर्फ्यू लगा हुआ था, जिससे नुकसान तो बहुत हुआ है। पर आगे आने वाली सहालगों में अच्छे कारोबार की उम्मीद है। अमर उजाला के उदय अभियान ने भी व्यापारियों का हौसला बढ़ाया है। अब यह कहा जा सकता है कि छोटे-बड़े कारोबारी कोरोना काल में हुए नुकसान की भरपाई कर कर सकेंगे। ग्राहक भी अब बाजार पहुंच रहे हैं। - ईशान गुप्ता, सौभाग्य ज्वैलर्स

कोरोना काल में हर व्यापारी प्रभावित हुआ है। सिर्फ आवश्यक दुकानें खुलने की इजाजत पर डेयरी खुली रहीं, जिससे ज्यादा घाटा नहीं हुआ। हालांकि, सहालग के सीजन में हमारे कारीगर खाली बैठे रहे। उनकी रोजी-रोटी प्रभावित हुई, लेकिन अब हालात बदले हैं। बेहतर कल की उम्मीद है। अमर उजाला के अभियान उदय ने व्यापारियों में सकारात्मक ऊर्जा का संचार किया है। - दिलीप गुप्ता, गोविंद स्वीट्स एंड डेयरी

कोरोना काल में कपड़ा बाजार भी बुरी तरह प्रभावित हुआ है। बंदी और कर्फ्यू की वजह से लोग शादी, पार्टियों में नहीं जा सके। महिलाएं भी घर से बाहर नहीं निकलीं तो निश्चित रूप से कारोबार प्रभावित हुआ, परंतु अब धीरे-धीरे पटरी सब पर है, अगली लगन में अच्छी कमाई की उम्मीद है। व्यापारियों के हित में सोचने के लिए अमर उजाला के उदय अभियान को धन्यवाद। - सूर्य प्रकाश, साड़ी हाउस

सराफा बाजार दूसरी लहर के बाद अब धीरे-धीरे पटरी पर लौट रहा है। सहालग में भी इस बार पिछले वर्ष की अपेक्षा ज्यादा बिक्री हुई है। उम्मीद है कि कोरोन की पहली और दूसरी लहर में जो नुकासन व्यापारियों को हुआ था, सराफा बाजार अब जल्द ही उसकी भरपाई कर लेगा। अमर उजाला ने उदय अभियान चलाकर चिंतित बैठे व्यापारियों को एक उम्मीद जगाई है। - एसके गुप्ता, ज्वैलर्स

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