चौकियों, कैंपों की स्थिति देखी, कस्टम अधीक्षक से की मुलाकात
एसएसबी के आईजी श्रवण कुमार ने नोमैंस लैंड की खुली सीमा का निरीक्षण किया। इसके बाद उन्होंने कस्टम कार्यालय में जाकर अधीक्षक से मुलाकात कर बार्डर की स्थिति का हालचाल लिया। उन्होंने भारतीय सीमा के निकट बढ़ते अतिक्रमण को भी देखा तथा सीमा की बीओपी चौकियों व कैंपों का निरीक्षण किया।
एसएसबी रानीखेत के आईजी श्रवण कुमार ने यहां पहुंचकर सबसे पहले भारत-नेपाल के नोमैंस लैंड का अवलोकन किया। उन्होंने पिलर संख्या 171 के पास भारतीय सीमा के निकट बढ़ते अतिक्रमण को देखकर अधीनस्थों से जानकारी हासिल की। सीमा पर बनी बीओपी चौकियों, कैंपों की भौगोलिक स्थिति का भी उन्होंने जायजा लिया। सीमा सुरक्षा में लगे जवानों से उनकी समस्याएं पूूछी। वन क्षेत्र होने के कारण फारेस्ट की भूमि पर बने एसएसबी कैंप को भी देखा। बता दें कि एक दशक से बार्डर पर एसएसबी टेंट लगाकर जीवन यापन कर रही है। गत वर्षों में तेज आंधी में साखू का विशालकाय पेड़ टेंट के ऊपर गिर गया था। जिसमें एक जवान जहां गंभीर रूप से घायल हो गया था वहीं पांच अन्य जवान भी घायल हो गए थे। अंत में आईजी ने कस्टम अधीक्षक वीके यादव से भी मुलाकात करते हुए उन्होंने जानकारियां हासिल कीं। आईजी के साथ कमांडेंट वीएस सिंधू, कमांडेंट दिलबाग सिंह आदि भी मौजूद रहे।
बार्डर पर एसएसबी ने तेज की गश्त
सनौली बार्डर पर बीते दिनों एसएसबी ने एक आतंकवादी को पकड़ा था। इसके बाद आए आईजी श्रवण कुमार ने एसएसबी को जंगली इलाकों में गश्त तेज करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद एसएसबी ने जंगली रास्तों पर गश्त को बढ़ा दिया है। जंगली रास्तों पर गश्त करते हुए एसएसबी जवान लगातार पेट्रोलिंग कर रहे हैं।