सुलह कराने को लेकर चलता रहा खेल, मेडिकल भी नहीं कराया
किशोरी के साथ रेप होने का मामला सामने आने पर पुलिस ने तहरीर लेकर आरोपी को हिरासत में तो ले लिया, लेकिन रिपोर्ट दर्ज कर मेडिकल परीक्षण कराने के बजाय आरोपी पक्ष को आपसी समझौता करने का मौका दे दिया। जब बात नहीं बनी और मामला खुल गया तो पुलिस ने आनन फानन में छठवें दिन छेड़छाड़ की रिपोर्ट दर्ज कर ली। पुलिस शनिवार को पीड़िता का मेडिकल कराएगी।
पीड़िता के पिता ने बताया कि छह अगस्त की शाम करीब साढ़े छह बजे 13 वर्षीय पुत्री शौच को खेत गई थी। गांव के ही एक युवक ने पुत्री को दबोचकर रेप किया। रोती बिलखती पुत्री घर पहुंची और अपनी मां को घटना बताई। चूंकि काफी अंधेरा हो चुका था, इसलिए वह अगले दिन पुत्री को लेकर धौरहरा कोतवाली पहुंचे और पुलिस को तहरीर दी। पुलिस ने आरोपी के घर दबिश दी। आरोपी के न मिलने पर उसके पिता को पकड़कर कोतवाली ले आई। अगले दिन पुलिस ने आरोपी को पकड़ने के बाद उसके पिता को छोड़ दिया। बताते हैं कि आरोपी के पकड़े जाने के बाद से कुछ तथाकथित सत्ताधारी नेता आरोपी के बचाव में सक्रिय हो गए। इन नेताओं के हस्तक्षेप के कारण पुलिस बिना कार्रवाई किए चुपचाप मामला दबाए रही। नतीजतन न तो रिपोर्ट दर्ज की और न ही पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया। नेताओं ने छह दिन तक मामले में समझौते के प्रयास किए, लेकिन बात नहीं बनी। शुक्रवार को मामला सुर्खियों में आने पर पुलिस ने आनन-फानन में आरोपी के खिलाफ छेड़छाड़ की रिपोर्ट दर्ज कर ली। शनिवार को पुलिस पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराएगी।
मामला छेडछाड का है। शिकायत दर्ज कर ली गई है। पीड़ित लड़की का मेडिकल कराने के बाद आरोपी को जेल भेजा जाएगा। छेड़छाड़ की घटना होने के कारण तत्काल मेडिकल कराने की जरूरत नहीं थी।
ब्रजेश कुमार त्रिपाठी, प्रभारी कोतवाल धौरहरा।