लखीमपुर खीरी। औरंगाबाद साधन सहकारी समिति से 223 बोरी खाद गायब होने के मामले की जांच पूरी होने से पहले ही उस पर सवाल उठने लगे हैं। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि जांच अधिकारी ने सचिव के करीबी लोगों के बयान दर्ज किए, जबकि शिकायत करने वाले किसानों का पक्ष नहीं लिया। साथ ही 35 लोगों के नाम पर दर्ज बयानों में फर्जी हस्ताक्षर होने का भी आरोप लगाया गया है।
औरंगाबाद के रणधीर मिश्रा समेत कई किसानों ने समिति सचिव सुरेश पाल और सहयोगी सुभाष शुक्ला पर 223 बोरी खाद गायब करने का आरोप लगाया था। किसानों का कहना है कि हेराफेरी के कारण कई किसान खाद से वंचित रह गए। शिकायत के बाद किसान सीडीओ अभिषेक कुमार से मिले। सीडीओ के निर्देश पर सहकारिता विभाग के वीरेंद्र प्रताप सिंह जांच के लिए पहुंचे और बयान दर्ज किए।
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औरंगाबाद समिति से संबंधित शिकायत मिली है। जांच के साथ किसानों का सत्यापन भी कराया जाएगा। रिपोर्ट मिलने के बाद तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
-अभिषेक कुमार, सीडीओ