डीएम किंजल सिंह ने कहा कि पंचायत चुनाव निष्पक्ष रूप से कराना जिला प्रशासन की पहली प्राथमिकता है। इसके लिए सारी तैयारियां पूरी कर ली गई है। जिले में चार चरणों में जिला पंचायत और क्षेत्र पंचायत चुनाव कराए जाएंगे। पहले चरण के नामांकन सोमवार से शुरू हो जाएंगे। उन्होंने बताया कि चुनाव के दौरान लाउडस्पीकर के प्रयोग पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया गया है। इस दौरान बिना अनुमति लाउडस्पीकर का प्रयोग नहीं किया जा सकेगा।
कलक्ट्रेट सभागार में पत्रकारों से बातचीत करते हुए डीएम ने बताया कि क्षेत्र पंचायत सदस्य पद के लिए व्यय सीमा 75 हजार रुपया और जिला पंचायत सदस्य पद के लिए 1.50 लाख रुपये निर्धारित की गई है। चुनाव के लिए 15 रिटर्निंग आफीसर, और 156 सहायक रिटर्निंग आफीसर नियुक्त किए गए है। इसी तरह प्रत्येक ब्लाक पर दो जोनल मजिस्ट्रेट और प्रत्येक न्याय पंचायत स्तर एक-एक सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात किया गया है। दूरस्थ क्षेत्र के लिए के लिए स्टेटिक मजिस्ट्रेट भी तैनात किए गए हैं।
उन्होंने बताया कि जिले में 445 मतदान केंद्र संवेदनशील, 281 अति संवेदनशील और 159 अतिसंवेदनशील प्लस हैं। प्रत्येक मतदान केंद्र पर फोटोग्राफी होगी। जबकि अति संवेदनशील मतदान केंद्रों पर वीडियोग्राफी कराई जा रही है। पंचायत चुनाव में कुल 9449 मतदान कर्मी लगाए गए हैं। इस बार महिलाओं को चुनाव ड्यूटी से बाहर रखा गया है। जो मतदान कर्मी पहले चरण में मतदान कराएंगे वहीं मतदान कर्मी तीसरे चरण में भी मतदान कराएंगे। इसी तरह दूसरे और चौथे चरण का मतदान में समान कर्मचारी लगाए गए हैं। मतदान टीम रवाना करने से पहले प्रत्येक टीम को एक फर्स्ट एड बाक्स भी उपलब्ध कराया जाएगा।
डीएम ने बताया कि पंचायत चुनाव के दौरान आदर्श आचार संहिता का कड़ाई से पालन कराया जाएगा। साथ ही प्रत्याशियों के खर्च पर भी पैनी नजर रखी जाएगी। उन्होंने चुनाव में पारदर्शिता बरतने को कहा है। साथ ही यह भी चेताया कि चुनाव में किसी तरह की गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस दौरान एसपी अखिलेश चौरसिया, एडीएम एसपी सिंह भी मौजूद रहे।