लखीमपुर खीरी। उत्तर प्रदेश सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री दानिश आजाद अंसारी ने महिला आरक्षण को लेकर विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोला।
जिला सहकारी बैंक सभागार में आयोजित पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि विपक्ष नहीं चाहता कि महिलाओं को लोकतंत्र में उचित भागीदारी मिले, इसी कारण नारी शक्ति वंदन अधिनियम पारित नहीं हो सका। उन्होंने कहा कि सभी राजनीतिक दल नारी सशक्तीकरण की बात करते हैं, लेकिन संसद की घटनाओं से स्पष्ट हो गया कि कौन महिलाओं के पक्ष में है और कौन विरोध में। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।
राज्य मंत्री ने बताया कि इस विधेयक में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने का प्रावधान था, जिससे उनकी राजनीतिक भागीदारी मजबूत होती। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर देशभर में महिलाएं आक्रोश व्यक्त कर रही हैं।
सपा सरकार के कार्यकाल का उल्लेख करते हुए अंसारी ने कहा कि उस समय महिलाओं को असुरक्षा और उपेक्षा का सामना करना पड़ा, जबकि भाजपा सरकार महिलाओं के सम्मान और सुरक्षा के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने कांग्रेस शासन पर भी भ्रष्टाचार, आतंकवाद और महिलाओं के मुद्दों की अनदेखी का आरोप लगाया।
इस दौरान श्रीनगर विधायक मंजू त्यागी, डॉ. इरा श्रीवास्तव, मंजूलता श्रीवास्तव, कीर्ति महेश्वरी, आशू मिश्रा, रमेश मिश्रा, डीसीबी अध्यक्ष विनीत मनार, राजीव मिश्रा आदि मौजूद रहे।