लखीमपुर खीरी। लॉॅकडाउन अवधि में कक्षा एक से आठ तक के परिषदीय और सहायता प्राप्त विद्यालयों को बंद किए जाने के बाद सरकार बच्चों के अभिभावकों को बड़ी राहत देने जा रही है। लॉकडाउन अवधि और ग्रीष्मकालीन अवकाश यानी 30 जून 2020 तक मिड-डे-मील की परिवर्तन लागत (कन्वर्जन कास्ट) का पैसा और अनाज विद्यालयों में पंजीकृत बच्चों के अभिभावकों को दिया जाएगा। प्राथमिक विद्यालयों (कक्षा एक से पांच तक) के प्रत्येक बच्चे के अभिभावक को परिवर्तन लागत (24 मार्च से 31 जून 2020 तक) के 374.29 रुपये और 7.60 किलो अनाज दिया जाएगा। जबकि उच्च प्राथमिक विद्यालयों के बच्चों के अभिभावकों को 561.02 रुपये और 11.40 किलो के हिसाब से अनाज दिया जाएगा। इसी तरह अर्द्ध शासकीय सहायता प्राप्त अन्य विद्यालयों के बच्चों को भी लाभ दिया जाएगा।
बीएसए बुद्ध प्रिय सिंह ने बताया कि परिवर्तन लागत की धनराशि का भुगतान कराने के लिए सभी बीईओ को प्रेरणा पोर्टल एप पर छात्र/छात्राओं के डाटा को एक्सल शीट और हार्ड कॉपी में विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को उपलब्ध कराया जाएगा। प्रधानाध्यापक इस डाटा की जांच करेगा और बच्चों के नाम के साथ अभिभावक का नाम, मोबाइल नंबर, बैंक खाता संख्या, आईएफएस कोड, बैंक का नाम उपलब्ध कराएगा। इसके बाद बैंक एडवाइज परिवर्तन लागत की धनराशि बच्चों के अभिभावकों के बैंक खातों में भेजी जाएगी। जबकि अनाज का वितरण कोटेदारों के माध्यम से कराया जाएगा। इसके लिए प्रधानाध्यापक द्वारा प्रत्येक बच्चे के अभिभावकों को संलग्न प्रारूप पर प्राधिकार पत्र (वाउचर) दिया जाएगा, जिसके आधार पर कोटेदार अनाज बच्चों के अभिभावकों को देगा।