जर्जर ओवरहेड टैंक के पास बने रैन बसेरे में लटका ताला।संवाद
ओयल। कस्बे के बस स्टैंड के सामने स्टेशन मार्ग पर बने जर्जर हो चुके ओवरहेड टैंक परिसर में रैन बसेरा बनाया गया है। यहां अव्यवस्थाओं के अलावा कुछ नहीं है।
तीन तख्त पर बिस्तर, रजाई लगे पाए गए, लेकिन इसका फायदा लोगों को नहीं मिला पाता। क्योंकि दिन में कर्मचारियों का कब्जा रहता है। बसेरे में आकस्मिक चिकित्सा बॉक्स भी रखा गया है। पेय जल के लिए बाहर टंकी लगी है, लेकिन अलाव अथवा हीटर आदि लगा नहीं लगा है।
इसके साथ ही रैन बसेरे में दो नगर पंचायत के ही कर्मचारी आराम फरमाते देखे गए। रात्रि होते ही रैन बसेरे के मुख्य गेट पर ताले की सुरक्षा देखने को मिली। ताकि रैन बसेरे में कोई परिंदा भी पर न मार सके।
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रैन बसेरे में पांच तख्त और बिस्तरों की व्यवस्था की गई है। दिन में अराजकतत्वों के लिए ताला डाल दिया जाता है। रात में कर्मचारी की ड्यूटी लगाई जाती है। रात में किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होगी।
- ऋषिकेश वर्मा, ईओ