लखीमपुर खीरी। नोएडा में यात्री बस में आग लगने की घटना से सबक लेते हुए लखीमपुर और गोला रोडवेज डिपो में सुरक्षा व्यवस्था सख्त की गई है। अब बसों में अग्निशमन यंत्र छिपाकर नहीं रखे जाएंगे। इन्हें ऐसी जगह रखा जाएगा, जहां यात्री आसानी से देख और जरूरत पड़ने पर इस्तेमाल कर सकें। इसके लिए जांच टीम बनाई गई है, जो समय-समय पर निगरानी करेगी।
लखीमपुर डिपो में 85 अनुबंधित और 15 निगम की बसें हैं। गोला डिपो में 126 निगम और 34 अनुबंधित बसें हैं। दोनों डिपो की बसें दिल्ली, जयपुर, मुरादाबाद, कौशांबी, बदायूं, शाहजहांपुर, बरेली, मथुरा, कासगंज, लखनऊ, कानपुर समेत विभिन्न स्थानीय और लंबी दूरी के मार्गों पर चलती हैं।
लखीमपुर और गोला डिपो के एआरएम ने सभी बसों में लगे अग्निशमन यंत्रों की एक्सपायरी डेट, गैस प्रेशर और कार्यक्षमता की जांच शुरू करा दी है। खराब और एक्सपायरी यंत्र तत्काल बदले जा रहे हैं। आरएम गौरव वर्मा ने बताया कि एसी बसों में दो-दो और सामान्य बसों में एक-एक चार्ज अग्निशमन यंत्र अनिवार्य किया गया है। चालक-परिचालकों को इनके इस्तेमाल का प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है।