लखीमपुर सदर से विधायक योगेश वर्मा ने कहा है कि नौ अक्तूबर को लखीमपुर अर्बन कोऑपरेटिव बैंक की प्रधान शाखा के बाहर उनके साथ मारपीट की जो घटना हुई, उसमें अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने घटना को लेकर मुख्यमंत्री से भी शिकायत की थी। मुख्यमंत्री ने कार्रवाई का आश्वासन भी दिया था, जिसके बाद भी उन्हें अब तक न्याय नहीं मिला। इस कारण उनकी हिम्मत नहीं हो रही है कि वह क्या मुंह लेकर अपने साथी विधायकों के सामने जाएं। इसी कारण वह विधानसभा सत्र में शामिल नहीं हुए हैं।
नौ अक्तूबर को हुई थी घटना
नौ अक्तूबर को लखीमपुर अर्बन कोऑपरेटिव बैंक के डेलीगेट चुनाव की नामांकन प्रक्रिया आवास विकास कॉलोनी स्थित प्रधान कार्यालय में चल रही थी। वहीं पर जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष अवधेश सिंह ने सदर से भाजपा विधायक योगेश वर्मा को थप्पड़ जड़ दिया था। 10 अक्तूबर को पीड़ित भाजपा विधायक ने पुलिस को तहरीर दी थी।
छह दिन की हीलाहवाली के बाद पुलिस ने थप्पड़ कांड में रिपोर्ट दर्ज की। इसमें जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष अवधेश सिंह, उनकी पत्नी लखीमपुर अर्बन कोऑपरेटिव बैंक की निवर्तमान अध्यक्ष पुष्पा सिंह, जगन्नाथपुर थाना फरधान के मूल निवासी और फिलहाल शहर के मोहल्ला कमलापुर में रहने वाले संग्राम सिंह और थाना नीमगांव के ग्राम बहादुरपुर निवासी नीरज सिंह को नामजद कराया गया था। साथ ही 30- 40 आरोपी अज्ञात हैं।
भाजपा से बर्खास्त हो चुके हैं आरोपी
भाजपा ने इस मामले में आरोपी चार कार्यकर्ताओं को पार्टी से बर्खास्त किया था। इनमें लखीमपुर अर्बन कोऑपरेटिव बैंक की निवर्तमान अध्यक्ष पुष्पा सिंह, उनके पति व पार्टी के सक्रिय सदस्य अवधेश सिंह समेत जिला उपाध्यक्ष अनिल यादव और बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ की पूर्व सह संयोजक ज्योति शुक्ला शामिल हैं। अवधेश सिंह जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष भी हैं।