गांव हकीमपुर की घटना, परिजन तो निकल आए मलबे में दबी रह गई खुशबू
कोतवाली क्षेत्र के गांव हकीमपुर में संतराम की पुत्री खुशबू(12) की दीवार गिरने से उसके मलबे में दबकर मौत हो गई। परिवारवालों ने पोस्टमार्टम कराने से इंकार कर उसका अंतिम संस्कार कर दिया।
पुलिस के अनुसार गुरूवार को संतराम अपने परिवार संग छप्पर के नीचे सो रहा था। रात करीब दो बजे उसकी कच्ची दीवार अचानक भरभराकर गिर गई जिससे छप्पर के नीचे परिवार के सो रहे सभी सदस्य दब गए। परिवार के लोग तो जैसे तैसे निकल आए लेकिन उसकी पुत्री खुशबू दबी रही। शोर होने पर जब तक आसपास के लोग मौके पर पहुंचते और मलबा हटाकर खुशबू को बाहर निकालते इससे पहले ही खुशबू ने दम तोड़ दिया। सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने पंचायतनामा भरने के बाद शव परिवार वालों को सौंप दिया। परिजनों ने गमगीन माहौल में उसका अंतिम संस्कार कर दिया। पीड़ित संतराम मेहनत मजदूरी करके अपने परिवार का पालन पोषण करता है। दो पुत्र और दो पुत्रियां हैं, जिनमें खुशबू बड़ी थी। घर में रहने के लिए केवल एक छप्पर का ही सहारा था जो उसने कच्ची दीवार पर डाल रखा था।