पसगवां। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट न आने से अजबापुर चीनी के इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग हर्षिल सिंह की मौत का रहस्य अभी तक नहीं सुलझ पाया है। पुलिस ने रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ कहने की बात कही है।
दो दिसंबर की रात चीनी मिल परिसर के एक कमरे में इलेक्ट्रिकल इंजीनियर हर्षिल सिंह का शव फंदे से लटका हुआ था। कमरा अंदर से बंद नहीं था। थाना प्रभारी रविंद्र सोनकर का कहना है कि मिल प्रशासन ने हर्षिल की मौत की सूचना उन्हें दूसरे दिन दी। दूसरे दिन पुलिस ने मृतक हर्षिल के दो लैपटॉप और मोबाइल अपने कब्जे में ले लिए। उसी दिन पुलिस ने उस कमरे को सील कर दिया।
प्रश्न उठता है कि हर्षिल की मौत की सूचना पुलिस को तत्काल क्यों नहीं दी गई। यदि फंदे से अचेतावस्था में हर्षिल को उतारा गया तो निकट की सीएचसी पसगवां क्यों नहीं भेजा गया? यदि उसने आत्महत्या की तो इसके पीछे क्या कारण है? आत्महत्या के लिए हर्षिल को किसने उकसाया?
हालांकि हर्षिल सिंह के पिता का कहना है घटिया सामग्री लगाने से इन्कार करने पर हर्षिल सिंह को धमकाया गया। थाना प्रभारी रविंद्र सोनकर का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।