खेतों में पन्नी तानकर काट रहे वक्त
शारदा नदी के कटान से बेघर हुए चकपुरवा गांव के लोग आसपास के गांवों में अपनी रिश्तेदारियों में समय काट रहे हैं। कुछ लोग तटबंध और खेतों में पन्नी तानकर वक्त गुजार रहे हैं। इनके बच्चों की पढाई, दवाई आदि सब बंद है। अब गांव के बाहर सड़क के दूसरी तरफ बने सिर्फ तीन घर बचे हैं।
लेखपाल अविनाश मिश्रा ने बताया कि कटान पीड़ितों को आवासीय भूमि आवंटित कर दी गई है, इसमें 19 लोगों को करसौर गांव में जमीन दी गई है। अन्य 15 लोगों को मुड़िया पूजागांव के उत्तर में जमीन दी गई है। कटान पीड़ितों का कहना है कि अभी और बाढ़ आने की संभावना है। यदि उस जमीन में मिट्टी आदि पाटकर घर बनाना शुरू करते हैं तो आने वाली बाढ़ में फिर सब कुछ समाप्त हो जाएगा।