झादीताल किनारे विचरण करते राज्य पक्षी सारस। (फाइल फोटो)
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बांकेगंज (लखीमपुर खीरी)। सारस संरक्षण और प्राकृतवास विकसित करने के लिए खीरी जिले को सारस संरक्षण समिति ने 17 लाख रुपये की धनराशि प्रदान की है। इस धनराशि से दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन के भीरा रेंज की छैरासी बीट में झादीताल के आसपास राज्य पक्षी सारस का हैवीटेट विकसित किया जाएगा।
जिले को सारस का प्राकृतिक घर माना जाता है लेकिन खेतों में अधिक मात्रा में कीटनाशक और खरपतवार नाशक दवाओं का अधिक इस्तेमाल होने से सारस की संख्या में कमी आ रही है। अब सारस संरक्षण समिति ने सारस को बचाने और उनके लिए अनुकूल प्राकृतिक वातावरण तैयार करने के उद्देश्य से जिले को 17 लाख रुपये की धनराशि प्रदान की है। झादीताल दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन के भीरा रेंज की छैरासी बीट में स्थित है। जिसके तीन ओर साल और सागौन का घना जंगल है। जबकि एक तरफ कृषि भूमि है। यह जगह पक्षियों के आवास और प्रजनन के लिए बेहद अनुकूल है। दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन के उपनिदेशक डॉ. अनिल कुमार पटेल कि इस धनराशि से झादीताल के चारों तरफ घास का मैदान बनाया जाएगा। सारस संरक्षण के लिए लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से सेमिनार भी आयोजित किए जाएंगे। लोग सारस की गतिविधियों का अच्छी तरह अध्ययन कर सकें इसके लिए आवश्यक उपकरण खरीदे जाएंगे। डॉ. पटेल ने बताया कि जल्द ही झादीताल के विकास के लिए प्रस्तावित कार्य शुरू कर दिए जाएंगे।