तिकुनिया देवी मंदिर में प्रवचन करते आचार्य विभु शास्त्री। संवाद
तिकुनिया। कस्बे के देवी मंदिर में कलश पूजन के साथ शतचंडी महायज्ञ का शुभारंभ हुआ। इसके साथ ही श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन भी शुरू हो गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।
कथा के दौरान नैमिष से आए आचार्य पं. विभु शास्त्री ने यज्ञ के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वेदों में यज्ञ का विशेष महत्व बताया गया है। यज्ञ में द्रव्य दान करने से भगवान यश, वैभव और कीर्ति प्रदान करते हैं। उन्होंने बताया कि हवन से मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं और यज्ञ मंडप की परिक्रमा करने से संपूर्ण रामायण यज्ञ का फल मिलता है। मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की आवाजाही से माहौल भक्तिमय बना हुआ है। मंदिर के पुजारी महंत बृजेश गिरि ने बताया कि भागवत कथा एक सप्ताह तक चलेगी। श्रद्धालुओं के लिए पानी और प्रसाद की व्यवस्था की गई है, जबकि नवमी के दिन भंडारे का आयोजन होगा। संवाद