लखीमपुर खीरी। आम बजट में सरकार ने इस बार कैंसर व डायबिटीज (शुगर) और अन्य गंभीर बीमारियों की 17 जरूरी दवाओं के आयात पर छूट (इंपोर्ट ड्यूटी में राहत) दी है। इस कदम से इन दवाओं की कीमतें कम होंगी और मरीजों को सीधा फायदा मिलेगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि इंपोर्ट ड्यूटी हटने से 10 से 30 प्रतिशत तक कीमतों में कमी आ सकती है। इससे मरीजों पर आर्थिक बोझ घटेगा। इलाज बीच में छोड़ने की मजबूरी कम होगी। मध्यम और गरीब वर्ग को बड़ी राहत मिलेगी।
ड्रग एंड केमिस्ट एसोसिएशन के जिला महामंत्री शरद मेहरोत्रा का कहना है कि इंपोर्ट ड्यूटी में छूट मिलने से दवाओं की कीमत सीधे तौर पर घटेगी, चूंकि जिले में डायबिटीज रोगियों की संख्या काफी है। जिले में प्रतिमाह करीब 10 लाख रुपये की दवा शुगर के मरीज ही खरीद रहे हैं। ऐसे में लंबे समय तक चलने वाले इलाज का आर्थिक बोझ कम होगा।
इंडियन मेडिकल ऐसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. अखिलेश वर्मा का कहना है कि कैंसर की कई दवाएं बेहद महंगी होती हैं और लंबे समय तक चलती हैं। वहीं, शुगर एक ऐसी बीमारी है जिसमें मरीज को जीवनभर दवाओं की जरूरत पड़ती है। इन दोनों ही मामलों में दवाओं के सस्ता होने से इलाज का कुल खर्च काफी कम हो जाएगा।