फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गोवंशीय पशु का शव मिलने से  गांव में तनाव, विरोध में प्रदर्शन

Thu, 02 Feb 2017 11:04 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो बेहजम।
विज्ञापन
तनाव - फोटो : अरम उजाला
विज्ञापन
नीमगांव थाना क्षेत्र के गांव फूलपुर का मामला
विज्ञापन

रस्सी से बंधे थे चारों पैर, दोनों कान काटे गए
पशु चिकित्सक बोले कोल्ड शाक से हुई मौत
ग्रामीणों ने लगाया हत्या का आरोप, तहरीर दी
 नीमगांव थाना क्षेत्र के गांव फूलपुर में गोवंशीय पशु का शव मिलने से तनाव फैल गया। पशु के चारों पैर रस्सी से बंधे थे और उसके दोनों कान कटे थे। मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने जब इस हाल में पशु का शव देखा तो लोग नाराज हो गए। सूचना पाकर भाजपा कार्यकर्ता भी गांव पहुंच गए, जिसके बाद ग्रामीणों ने प्रदर्शन करते हुए हत्यारोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने पशु के शव का पोस्टमार्टम कराया है, जिसकी रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की बात कही है। 
पुलिस चौकी बेहजम के गांव फूलपुर के बाहर सड़क के किनारे खेत में बृहस्पतिवार की सुबह कुछ लोगों ने रस्सी से बंधे गोवंशीय पशु को देखा, जिसकी सूचना मिलते ही घटनास्थल पर ग्रामीण एकत्र होकर प्रदर्शन करने लगे। पुलिस प्रशासन के खिलाफ गुस्सा जाहिर करते हुए ग्रामीणों ने हत्या का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। सूचना मिलते भाजपा के बेहजम मंडल अध्यक्ष संजय दीक्षित, मंगूलाल मौर्य, उमाशंकर पांडेय, मेवालाल वर्मा भी मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर गोवंशीय पशु की हत्या किए जाने का तस्करों पर आरोप लगाया। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए चौकी प्रभारी मनोज यादव को तहरीर दी। पुलिस ने मौके पर पशु चिकित्सक एसए रिजवी को बुलाकर शव का पोस्टमार्टम कराया। 
विज्ञापन

पशु चिकित्सक डॉ. एसएच रिजवी का कहना है कि पशु का दाहिना कान पूरा कटा था और बायां कान का आधा हिस्सा कटा था। चारों पैर रस्सी से बांधे गए थे, जिससे पशु रात भर खुले में एक जगह पड़ा रहा। इसके चलते कोल्ड शाक से पशु की मौत हो गई। जल्द ही पोस्टमार्टम रिपोर्ट पुलिस को भेज दी जाएगी। 
विज्ञापन

एसओ नीमगांव आलोकि मणि त्रिपाठी का कहना है कि प्रथम दृष्टया पशु के साथ क्रूरता की गई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। 
--
हत्या को हादसा बनाने की कोशिश तो नहीं
पुलिस और डॉक्टर इस मामले में खुले तौर पर कुछ भी बोलने से परहेज कर रहे हैं। जबकि पशु के शव की स्थिति खुले तौर पर क्रूरता की कहानी बयां कर रही है। उसके पैर बांधकर खेत किनारे डालने की मंशा पर ग्रामीण सवाल उठा रहे हैं, तो उसके दोनों कान कटे होने के पीछे रहस्य बना हुआ है। पशु के कान कटे होने पर पुलिस इसके लिए कुत्ते को जिम्मेदार बता रही है, लेकिन उसके पैर बांधे जाने के सवाल का जवाब नहीं है। 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें