जानलेवा हमले में था वांछित, नहीं पकड़ सकी पुलिस
दो हिस्ट्रीशीटरों के बीच हुई फायरिंग का मामला
वांछित हिस्ट्रीशीटर जग्गा सिंह थाने आकर विपक्षी हिस्ट्रीशीटर पुष्पेंद्र के खिलाफ तहरीर देकर आराम से चला गया और पुलिस उसे गिरफ्तार नहीं कर पाई, जबकि पुलिस उसे पहले से फरार बता रही है। ऐसे में जग्गा की ओर से दर्ज कराई गई रिपोर्ट पर ही सवाल उठने लगे हैं।
19 अक्तूबर की देर शाम करीब 10 बजे पूर्व विधायक आरए उस्मानी के आवास के निकट एक पान की दुकान पर दो हिस्ट्रीशीटर आमने-सामने आ गए थे। दोनों आरोपियों के बीच हवाई फायरिंग हुई थी। मौके पर पहुंचे सदर कोतवाल रामजी चौधरी ने गांव सिकटिहा निवासी हिस्ट्रीशीटर पुष्पेंद्र सिंह को हिरासत में ले लिया था, जबकि बनवारीपुर निवासी जग्गा सिंह मौके से भागने में सफल रहा था। पुलिस ने शुक्रवार को पुष्पेंद्र सिंह की ओर से जग्गा और उसके एक अन्य अज्ञात साथी और जग्गा की ओर से पुष्पेंद्र सिंह, बबलू और राजू खान के खिलाफ जानलेवा हमले सहित अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली थी, जिससे जग्गा सिंह जानलेवा हमले के मामले में वांछित हो गया। इधर पुलिस ने पुष्पेंद्र सिंह को गिरफ्तार कर चालान कर दिया था। पुलिस जग्गा को फरार बता रही है। ऐसे में सवाल यह उठता है कि जब जग्गा सिंह फरार है तो उसकी तरफ से तहरीर पुलिस को कैसे मिल गई, यदि जग्गा ने ही आकर पुलिस को तहरीर दी तो पुलिस ने उसे गिरफ्तार क्यों नहीं किया। इन सवालों का जवाब सदर कोतवाल भी नहीं दे पा रहे हैं, जिससे पुलिस की कार्रवाई पर सवालिया निशान लग गए हैं।
अन्य आरोपी भी पुलिस की पकड़ से दूर
दो हिस्ट्रीशीटर के बीच हुई फायरिंग के मामले में पुलिस ने पुष्पेंद्र सिंह के साथ बबलू और राजू खान के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी, जबकि जग्गा के साथ उसके एक अज्ञात साथी को आरोपी बनाया गया था। पुलिस नामजद बबलू और राजू खान को भी गिरफ्तार नहीं कर सकी है। इतना ही नहीं जग्गा का अज्ञात साथी कौन था, उसका भी अब तक पता नहीं लगा सकी है।