कमरे में बंद कर पीटा, पुलिस ने कराया बंधनमुक्त
पीड़ित के भाई पर लड़की भगाने के शक में की वारदात
किशोरी को अपने भाई के साथ भगाने के शक में कोतवाली क्षेत्र के गांव कुइंया मदारपुर निवासी कुछ दबंगों ने युवक की विवाहित बहन के घर धावा बोल दिया और पिटाई करते हुए अपने घर उठा ले गए, जहां उसे कमरे में बंद कर जमकर पीटा गया। साथ ही उसके घर में आग लगा दी, जिससे सारा सामान जलकर नष्ट हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने विवाहिता को बंधनमुक्त कराया। पीड़ित ने आरोपियों के खिलाफ पुलिस को तहरीर दी, लेकिन पुलिस मामले को दबाने में जुट गई है। नतीजतन पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज नहीं की।
गांव कुइंया मदारपुर निवासी एक व्यक्ति की 16 वर्षीय पुत्री तीन दिनों से गायब थी। किशोरी के घर वालों को शक था कि गांव का ही पिंकू, विवाहित बहन 20 वर्षीय श्यामली के सहयोग से उसे भगा ले गया। पीड़ित श्यामली ने बताया कि उसकी सास माला देवी और पति श्यामू घर पर नहीं थे। दोनों मजदूरी करने बाहर गए थे। शनिवार की दोपहर एक दर्जन लोग असलहों के साथ उसके घर में घुस आए और मारपीट करते हुए उसे घर से उठा ले गए। इसके बाद घर में तोड़फोड़ कर आग लगा दी। पीड़ित का आरोप है कि दबंगों ने उसे दृगपाल के मकान में बंद कर पिटाई की। ग्रामीणों की सूचना पर इंस्पेक्टर गुलाब शंकर पांडे, एसएसआई तौसीफ खां, एसआई अतुल कुमार फोर्स के साथ गांव पहुंचे और कमरे में बंद विवाहिता को बंधनुक्त कराया। श्यामली ने बताया कि आग से टीवी, कपड़े, चक्की, चारपाई, सोने के कुंडल, चांदी की करधनी, अंगूठी, मंगलसूत्र आदि सब जलकर राख हो गए। पीड़ित ने घटना की तहरीर पुलिस को दी है, लेकिन आरोपियों को बचाने के प्रयास में जुटी पुलिस ने घटना की रिपोर्ट दर्ज नहीं की है। एसएसआई तौसीफ अहमद ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है, जांच के बाद रिपोर्ट दर्ज की जाएगी।