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15 दिन में 10 चोरियों से थर्राया फरधान  

Sun, 07 May 2017 11:32 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो  फरधान। 
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demo pic - फोटो : अमर उजाला
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गांव के किनारे बने मकानों को चोर बना रहे निशाना
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सेंध मारना, छत पर चढ़ना, ताले तोडने सब में हैं माहिर

वैसे तो पूरे जिले में इन दिनों चोरी की घटनाएं आम हैं, लेकिन पखवारे भर में फरधान क्षेत्र में चोरों ने एक के बाद एक कर 10 घरों को अपना निशाना बनाया है। पुलिस भी कागजों में चोरियों का ग्राफ न बढ़े, इसको लेकर घटनाओं की रिपोर्ट भी दर्ज नहीं करती है। बेखौफ चोर कभी नकब लगाकर तो कभी छत पर चढ़कर और कभी दरवाजे की कुंडी काटकर वारदात दर वारदात किए जा रहे हैं, लेकिन पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठी है। इससे क्षेत्र के लोगों में दहशत है।
गौर किया जाए तो चोर गांव के किनारे बने मकानों को निशाना बना रहे हैं। शातिराना अंदाज से कयास लगाए जा रहे हैं ये कोई बाहरी गिरोह है। 19 अप्रैल की रात खजांचीपुरवा गांव में सर्वेश वर्मा और उनके चाचा रामबहादुर के घर में घुसने के लिए छत का सहारा लिया और नकदी समेत छ: लाख का माल उड़ाया। 26 अप्रैल की रात सकतापुर गांव में जितेंद्र अवस्थी, प्रसादी भार्गव, विक्रांत मिश्रा, साबिर और मुजफ्फर और इसी रात पचपेड़वा गांव में मीना देवी के यहां चार घरों में नकब लगाकर और दो घरों में दीवार फांद कर लाखों की चोरी की। 27 अप्रैल की रात दोबारा पचपेड़वा में श्रीराम के वहां नकब लगाकर लाखों उड़ा दिए। चार मई को पीरपुर में मुकेश पटेल के वहां छत से होकर अंदर घुसे और पूरा घर खंगाल डाला। हर वारदात बड़ी सफाई से हुई, चोरी के दौरान किसी भी घटना में भनक तक न लगी। चौकन्ने चोरों के आगे पुलिस का हर दांव अब तक विफल रहा है।
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चोरी की रिपोर्ट दर्ज नहीं करती पुलिस
एसपी ने भले ही घटनाओं को शत प्रतिशत दर्ज करने के निर्देश थानेदारों को दिए हों, लेकिन इसका असर कहीं दिखता नजर नहीं आ रहा है। पखवाड़े भर में हुई 10 चोरियों को ही ले लीजिए। एक ही रात गांव सकतापुर में पांच घरों में हुई चोरी की रिपोर्ट पुलिस ने काफी फजीहत के बाद दर्ज की थी, लेकिन अन्य चोरियों की रिपोर्ट आज तक नहीं लिखी, जबकि अन्य घटनाओं की तहरीरें भी पुलिस को दी गईं। ऐसा नहीं है कि जानकारी सीओ से लेकर एसपी तक नहीं है, फिर भी अफसर खामोश हैं। 
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