जख्मी लोगों को ही पुलिस ने थाने पर बैठाया
नेपाल से घर लौट रहे युवकों का सिंगहिया के पास कुछ लोगों से विवाद हो गया। जिस पर उन लोगों ने युवकों पर जानलेवा हमला कर दिया। इसमें चार युवक बुरी तरह जख्मी हो गए। जानकारी पुलिस को मिली तो वह पहुंची और उल्टा जख्मी हुए लोगों को ही थाने में बिठा लिया। बाद में एसओ को जब पूरे मामले की जानकारी हुई तो उन्होंने उनको घर भेजकर मुकदमा दर्ज करवाया।
मंगलवार की शाम पठान निवासी नसीम का भतीजा नूर आलम पलिया आ रहा था, वह सिंगहिया तिराहे पर उतर गया और एक होटल पर बैठकर चाय पीने लगा। इसी बीच शराब के नशे में धुत एक व्यक्ति वहां पहुंचा और उसके साथ अभद्रता शुरू कर दिया। शराबी ने उसे ईंट मारकर घायल कर दिया। खबर मिलने पर जब उसके रिश्तेदार मौके पर पहुंचे तो आरोप है कि विपक्षियों ने उन पर धारदार हथियारों से हमला बोल दिया और उनकी बाइक को भी तोड़ दिया। इस घटना में वसीम का बायां हाथ बुरी तरह से कट गया, जबकि मो. सिराज और नबी आलम पुत्रगण सलीम भी जख्मी हो गए। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घायलों को अस्पताल पहुंचाया जिसमेेें उनको सघन इलाज के लिए जिला अस्पताल रेफर किया गया लेकिन सिपाहियों ने किसी दबाव में आकर उनको थाने पर बैठा लिया। इस दौरान वहां काफी लोग एकत्र हो गए। एसओ बृजराज यादव को जानकारी हुई तो उन्होंने अधीनस्थों को फटकार लगाई और दो आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई और थाने पर बैठाए गए लोगों को छोड़ा।