शनिवार सुबह नौ बजे निकटवर्ती गांव अर्जुनपुर में लोगाें के घरों में घुसकर चार ग्रामीणों को घायल करने वाले जख्मी जंगली सुअर की मौत पेट में गहरे घाव के कारण अधिक खून निकलने से हुई है। पशु चिकित्सालय के डॉ. रवीकांत वर्मा ने सुअर के पोस्टमार्टम के बाद इस बात की पुष्टि की है।
बता दें कि साउथ खीरी डिवीजन के मैलानी रेंज की महुरेना बीट जंगल से निकलकर एक जख्मी जंगली सुअर शनिवार सुबह नौ बजे निकटवर्ती गांव अर्जुनपुर में पहुंच गया। इस दौरान उसने लोगाें के घरों में घुसकर चार ग्रामीणों पर हमला कर उन्हें घायल कर दिया था। ग्रामीणों के खदेड़ने पर वह गांव के बगल में गेंहू के खेत में छिप गया। सूचना पर पहुंचे वनकर्मी खेतों में मौजूद सुअर की निगरानी करने लगे।
इस दौरान कुछ देर बाद सुअर की मौत हो गई। डीएफओ साउथ नीरज कुमार के निर्देश पर महुरेना फॉरेस्टर ब्रजेश कुमार और जोगेंद्र सिंह ने स्थानीय पशु चिकित्सालय में पोस्टमार्टम कराया। पोस्टमार्टम रिर्पोट में डॉ. रवीकांत वर्मा ने उसके पेट में गहरे जख्म से अधिक खून बहना मृत्यु का कारण बताया।
सुअर के हमले में घायल ग्रामीणों की हालत में सुधार
गांव अर्जुनपुर में जंगली सुअर के हमले के बाद इलाज के लिए जिला चिकित्सालय में भर्ती गंभीर रूप से घायल तोताराम और उमेश की हालत में सुधार हो रहा है। घायलों के तीमारदारों और परिवारीजनों ने बताया कि दोनों गंभीर घायलों की हालत पहले से कुछ बेहतर है।